“संघर्ष भारत-पाकिस्तान के बीच नहीं, यह भारत Vs टेररिस्तान है”, यूरोप से एस. जयशंकर का बड़ा मैसेज

भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने बेल्जियम की राजधानी ब्रसेल्स में विदेशी पत्रकारों से कहा है कि भारत और पाकिस्तान के बीच लंबे समय से चले आ रहे संघर्ष को दो देशों के बीच का टकराव न मानें, बल्कि इसे एक लोकतंत्र और आतंकवादियों को पनाह देने वाले राष्ट्र के बीच का संघर्ष के रूप में देखें।

भारत-पाकिस्तान के रूप में न देखें”

यूरोपीय आयोग की उपाध्यक्ष काजा कलास के साथ एक संयुक्त संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए जयशंकर ने कहा, “यह दो राज्यों के बीच का संघर्ष नहीं है। यह वास्तव में आतंकवाद के खतरे और उसके अभ्यास के प्रति एक प्रतिक्रिया है। मैं आपसे आग्रह करूंगा कि इसे भारत-पाकिस्तान के रूप में न देखें, बल्कि इसे भारत-टेररिस्तान के रूप में सोचें।”

एकजुटता के लिए कहा- धन्यवाद 

एस. जयशंकर ने मंगलवार को यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयन और उपाध्यक्ष कलास से मुलाकात की और पहलगाम हमले की “कड़ी निंदा” और आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में एकजुटता के लिए उन्हें धन्यवाद दिया। इन मुलाकातों के दौरान, जयशंकर ने वॉन डेर लेयन और कलास के साथ भारत-यूरोपीय संघ साझेदारी को गहरा करने के लिए चल रहे प्रयासों पर भी चर्चा की। 

आतंकवादी ठिकानों पर हमला 

बता दें कि 22 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकवादी हमले में 26 लोगों की जान चली गई थी, जिसके बाद भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव बढ़ गया था। भारत ने 7 मई को पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) में आतंकवादी ठिकानों पर सटीक हमले किए थे।

पाकिस्तान में अंदर तक हमला करने की चेतावनी 

इससे पहले सोमवार को जयशंकर ने चेतावनी दी थी कि यदि आतंकवादी हमलों से उकसाया गया तो भारत पाकिस्तान में अंदर तक हमला करेगा। उन्होंने जोर देकर कहा था कि पहलगाम जैसे बर्बर कृत्यों की स्थिति में आतंकवादी संगठनों और उनके नेताओं के खिलाफ जवाबी कार्रवाई की जाएगी।

Loading

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *