अब बिहार में ‘योगी मॉडल’, गृह मंत्री सम्राट चौधरी ने पहली ही प्रेस कॉन्फ्रेंस में दिया बड़ा मेसेज

बिहार में कानून व्यवस्था को लेकर लंबे समय से सवाल उठते रहे हैं. चुनाव से पहले जिस तरह अपराध बढ़े, उसने सरकार की मुश्किलें बढ़ाईं. अब स्थिति बदलने की कोशिश की जा रही है. नीतीश कुमार की नई सरकार में इस बार गृह विभाग डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी के पास है और उन्होंने पद संभालते ही साफ कर दिया है कि बिहार में अपराधियों के लिए कोई जगह नहीं है.

सम्राट चौधरी ने जिस तरह अपराधियों को चेतावनी दी, वह अंदाज बिल्कुल उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जैसा है. योगी ने 2017 में सत्ता संभालते ही अपराधियों को यूपी छोड़ने का अल्टीमेटम दिया था. अब वैसा ही अल्टीमेटम बिहार में दिखने लगा है. सम्राट चौधरी ने कहा है कि अपराधी, माफिया, चाहे वह जमीन से जुड़े हों, बालू से, या शराब के कारोबार से, सभी बिहार छोड़ दें वरना सख्त कार्रवाई के लिए तैयार रहें.
उन्होंने कहा कि अब कोई माफिया किसी उद्यमी को धमकाकर पैसे नहीं ऐंठ सकेगा. उत्तर प्रदेश में जहां कोर्ट सजा सुनाती है, वहां अपराधियों की हालत क्या होती है, यह सबने देखा है. सम्राट चौधरी ने कहा कि बिहार में भी अपराधियों को मिट्टी में मिला दिया जाएगा. उन्होंने ईश्वर की शपथ लेकर कहा कि कानून व्यवस्था को किसी भी कीमत पर सुधारा जाएगा.

बिहार में बदमाशों को योगी स्टाइल में सजा

बीस साल बाद नीतीश कुमार ने गृह विभाग छोड़ा और यह विभाग डिप्टी सीएम के पास पहुंचा तो लोगों के मन में बड़ा सवाल उठा कि क्या अब बिहार में योगी मॉडल लागू होगा. इस सवाल का जवाब सम्राट चौधरी की पहली ही प्रेस कॉन्फ्रेंस में दिखाई दे गया. उन्होंने कहा कि अपराधियों की अब कोई खैर नहीं. चाहे वे किसी भी संरक्षण में हों या किसी भी स्तर के हों, सभी पर कार्रवाई होगी.
सम्राट चौधरी ने साफ कहा कि उत्तर प्रदेश की तरह बिहार में भी संगठित अपराध को जड़ से खत्म किया जाएगा. उन्होंने कहा कि कोई भी संगठित अपराध करने वालों को पुलिस सख्ती से रोकने का काम करेगी. इसके साथ ही उन्होंने एक और घोषणा की कि उत्तर प्रदेश की तर्ज पर बिहार में भी एंटी रोमियो स्क्वाड बनेगा. यह स्क्वाड स्कूल और कॉलेजों के आसपास मनचलों पर नजर रखेगा ताकि लड़कियों की सुरक्षा में कोई सेंध न लगे. सम्राट चौधरी ने कहा कि ऐसा कोई भी युवक जो लड़कियों को परेशान करेगा, उसे सीधे यमराज के घर का टिकट मिलेगा.

मनचलों से सख्ती से निपटा जाएगा

इसके अलावा उन्होंने कहा कि पिंक पेट्रोलिंग की तर्ज पर बिहार के सभी स्कूल कॉलेजों के बाहर व्यवस्था कड़ी होगी ताकि कोई भी लड़कियों को परेशान न कर सके. जरूरत पड़ने पर इसके लिए विशेष फोर्स भी तैनात की जाएगी. बिहार से जो तस्वीरें सामने आ रही हैं, उनसे भी लगता है कि पुलिस ने योगी मॉडल को अपनाना शुरू कर दिया है. बेगूसराय में पुलिस ने एक बदमाश का एनकाउंटर किया और उससे बड़ी संख्या में हथियार बरामद किए. पुलिस का कहना है कि यह गिरोह किसी बड़ी वारदात की तैयारी में था. पुलिस ने पहले ही उन्हें पकड़ लिया.

सीतामढ़ी में भी पुलिस के बदले हुए अंदाज की झलक दिखी, जहां आरोपी को बचाने के लिए जुटी भीड़ को हटाने के लिए पुलिस ने हवाई फायरिंग की. लोग इसे पुलिस के बदलते कामकाज का संकेत मान रहे हैं. यही वजह है कि कहा जा रहा है कि बिहार में अब बुलडोजर नीति भी लागू हो सकती है.
चुनावी सभाओं में योगी आदित्यनाथ ने कहा था कि बिहार में भी माफियाओं के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी और बुलडोजर चलेगा. योगी ने अपनी 31 सभाओं में यह बात बार-बार दोहराई और उनमें से 28 जगह बीजेपी को जीत मिली। यह भी साफ हुआ कि बिहार के लोग अपराधियों पर जीरो टॉलरेंस की नीति को पसंद करते हैं.

सम्राट का वादा अपराध मुक्त होगा बिहार

सम्राट चौधरी ने कहा कि सरकार ने करीब 400 माफियाओं की पहचान कर ली है. न्यायालय से इनके खिलाफ कार्रवाई के लिए अनुमति मांगी गई है और दो मामलों में सहमति भी मिल चुकी है. आगे और सहमति मिली तो इनकी संपत्ति जब्त की जाएगी. यह कदम बिहार की छवि बदलने के लिए अहम माना जा रहा है.
राजनीतिक दृष्टि से भी बिहार में योगी मॉडल अपनाने के कई मायने हैं. योगी आदित्यनाथ की रैलियों का प्रभाव बिहार के चुनाव में साफ दिखा. उनकी कानून व्यवस्था और माफिया विरोधी नीति पर लोगों ने भरोसा जताया. खासकर उनके पप्पू, टप्पू और अप्पू वाले बयानों ने विपक्ष को भी असहज किया.

योगी ने कहा था कि उत्तर प्रदेश में अपराध अब पहले जैसा नहीं है. अगर कहीं लूट या छिनैती हो भी जाती है तो आरोपी कुछ ही घंटों में सलाखों के पीछे होता है और लंगड़ाता हुआ चलता दिखाई देता है. उनका कहना था कि नया प्रदेश अपराध को स्वीकार नहीं करता और जो अपराध करेगा उसे उसकी कीमत चुकानी पड़ेगी.

बिहार में अपराध पर जीरो टॉलरेंस

बिहार में भी लोग इसी उम्मीद के साथ वोट देकर आए हैं कि यहां भी अपराधियों पर ऐसी ही सख्त कार्रवाई होगी. नीतीश कुमार के गृह विभाग छोड़ने को भी बीजेपी के दबदबे के बढ़ने का संकेत माना जा रहा है. बीजेपी अब कानून व्यवस्था को सुधार कर यह दिखाना चाहती है कि बिहार में बदलाव संभव है और यह बदलाव योगी मॉडल के जरिए आएगा.

Loading

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *