बांग्लादेशी हैंडलर, पाकिस्तान से कंट्रोल और निशाने पर भारत के मंदिर… साजिश की खुली पोल

दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने लश्कर-ए-तैयबा के एक और बड़े आतंकी मॉड्यूल का पर्दाफाश किया है. पुलिस ने इस ऑपरेशन में 8 संदिग्धों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें से 7 बांग्लादेशी नागरिक हैं और एक भारतीय (पश्चिम बंगाल का). जांच में पता चला है कि ये मॉड्यूल बांग्लादेश में बैठे हैंडलर के जरिए पाकिस्तान से रिमोट कंट्रोल में काम कर रहा था और इसके निशाना दिल्ली समेत भारत के प्रमुख मंदिर, धार्मिक स्थल और भीड़भाड़ वाली जगह थीं.सूत्रों ने बताया कि गिरफ्तार आतंकियों के मोबाइल फोन से दिल्ली के कई मंदिरों और अन्य महत्वपूर्ण स्थलों की रेकी के वीडियो बरामद हुए हैं. जांच में पता चला है कि आतंकियों ने रेकी की कई महत्वपूर्ण वीडियो को बांग्लादेश में बैठे हैंडलर कश्मीरी मूल के आतंकी शब्बीर अहमद लोन को भेजी गई हैं. बताया जा रहा है कि इस मॉड्यूल का मकसद भारत में धमाके करके पाकिस्तान के बजाय बांग्लादेश का नाम सामने लाना था.

चांदनी चौक इलाके में बढ़ाई सुरक्षा

वहीं, कुछ दिन पहले खुफिया एजेंसियो ने दिल्ली चांदनी चौक में लश्कर के आतंकी हमले की साजिश का खुलासा किया था, जिसके बाद चांदनी चौक में मंदिरों की सुरक्षा बढ़ाई गई है.

कई जगहों पर लगाए पोस्टर

सूत्रों के अनुसार पुलिस की जांच में ये भी खुलासा हुआ है कि इन आतंकियों ने दिल्ली में सुप्रीम कोर्ट, जनपथ मेट्रो स्टेशन समेत 10 से ज्यादा जगहों पर देश विरोधी पोस्टर लगाए थे. पोस्टर लगाने का मकसद ये जांचना था कि सुरक्षा-व्यवस्था कैसी है और क्या ये मॉड्यूल बम धमाके करने के लिए पूरी तरह तैयार है. जांच में ये भी पता चला है कि ये आतंकी नेटवर्क पाकिस्तान में बैठे आईएसआई ब्रिगेडियर के इशारे पर बांग्लादेशी हैंडलर शब्बीर अहमद लोन द्वारा संचालित किया जा रहा था. इस टेरर मॉड्यूल का हैंडलर शब्बीर अहमद लोन है जो कश्मीरी मूल का आतंकी है, जिसने पाकिस्तान में ट्रेनिंग ली थी. वह 2007 में दिल्ली में फिदायीन हमला करने आया था, जहां उसे AK-47 और ग्रेनेड के साथ गिरफ्तार किया गया था. लंबे वक्त तक तिहाड़ जेल में बंद रहने के बाद साल 2019 में जमानत पर रिहा होने के बाद वह बांग्लादेश भाग गया. जांच में पता चला कि वह हाफिज सईद (26/11 मुंबई हमलों का मास्टरमाइंड) और जकी-उर-रहमान लखवी जैसे लश्कर के शीर्ष नेताओं से सीधे संपर्क में था.

डॉक्टर टेरर मॉड्यूल की तर्ज पर काम

सूत्रों ने ये भी कहा कि लश्कर का ये नया मॉड्यूल ‘डॉक्टर टेरर’ नेटवर्क की तर्ज पर काम कर रहा था. फिलहाल सुरक्षा एजेंसियां गिरफ्तार आतंकियों से पूछताछ कर रही हैं ताकि इस नेटवर्क की बाकी कड़ियों को भी जोड़ा जा सके और किसी भी अप्रिय घटना को टाला जा सके.

Loading

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *