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देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज शनिवार 31 मई को मध्य प्रदेश के दौरे पर हैं. वह भोपाल में देवी अहिल्याबाई की 300वीं जयंती के उपलक्ष्य में आयोजित महिला सशक्तिकरण महा सम्मेलन में शामिल होंगे. यह प्रोग्राम राजधानी के जंबूरी मैदान में आयोजित हो रहा है.
माता अहिल्याबाई ने गरीबों और वंचितों को प्राथमिकता दी: मोदी
पीएम मोदी ने किया महिलाओं को संबोधित, माता अहिल्याबाई राष्ट्र निर्माण में हमारी नारी शक्ति के अमूल्य योगदान का प्रतीक हैं. मैं समाज में इतना बड़ा परिवर्तन लाने वाली माता अहिल्याबाई को आज श्रद्धापूर्वक नमन करता हूं और उनसे प्रार्थना करता हूं कि आप जहां भी हो हम पर अपना आशीर्वाद बनाएं रखें. माता अहिल्याबाई ने गवर्नेंस का एक ऐसा उत्तम मॉडल अपनाया, जिसमें गरीबों और वंचितों को सबसे ज्यादा प्राथमिकता दी गई. रोजगार के लिए, उद्यम बढ़ाने के लिए उन्होंने अनेक योजनाओं को शुरू किया. उन्होंने कृषि और वन उपज आधारित कुटीर उद्योग और हस्तकला को प्रोत्साहित किया. खेती को बढ़ावा देने के लिए छोटी-छोटी नहरों का जाल बिछाया, उसे विकसित किया.
अहिल्याबाई होल्कर का डाक टिकट जारी
• देवी अहिल्याबाई होल्कर सम्मान 2024 से महिला कलाकार जैमिनी कश्यप को प्रधानमंत्री मोदी ने सम्मानित किया गया. पुरस्कार स्वरूप 5 लाख की राशि दी गई.
• प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने देवी अहिल्याबाई होल्कर की 300 वीं जयंती पर उनका डाक टिकट जारी किया.
• प्रधानमंत्री मोदी ने देवी अहिल्याबाई होल्कर की जयंती पर 300 रुपए का स्मारक सिक्के का विमोचन किया.
• 271 अटल ग्राम भवन की प्रधानमंत्री मोदी ने रिमोट के माध्यम से नींव रखी. इसका बजट 483 करोड़ रुपए है.
• मध्यप्रदेश के सतना और दतिया एयरपोर्ट का वर्चुअल लोकार्पण किया.
• मध्यप्रदेश को मिली पहली मेट्रो रेल सेवा. प्रधानमंत्री ने 1 हजार 520 करोड की लागत से तैयार मेट्रो ट्रेन का शुभारंभ किया. प्रधानमंत्री ने रिमोट का बटन दबाकर मेट्रो की सौगात दी.

पीएम मोदी ने की महिलाओं से बातचीत
देवी अहिल्याबाई होलकर की 300वीं जयंती पर आज भोपाल के जंबूरी मैदान में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विभिन्न क्षेत्र की कामगार महिलाओं से बातचीत की. पीएम ने लोकमाता देवी अहिल्याबाई होलकर के जीवन चरित्र पर आधारित प्रदर्शनी का अवलोकन किया किया.
प्रधानमंत्री श्री मोदी ने कहा कि भारत संस्कृति का देश है, सिंदूर हमारी परंपरा है। यह हनुमान जी को चढ़ता है और बहनों के लिए सम्मान का प्रतीक है। यही सिंदूर अब भारत के शौर्य का प्रतीक बना है। पहलगाम में आतंकियों ने भारतीयों का खून ही नहीं बहाया, हमारी संस्कृति पर प्रहार किया है। उन्होंने भारत को बांटने की कोशिश की। आतंकियों ने भारत की नारी शक्ति को चुनौती दी, लेकिन यह शक्ति उनके लिए काल बन गई। ऑपरेशन सिंदूर बंद नहीं हुआ है, यह आतंकियों के खिलाफ सबसे सफल ऑपरेशन है। जहां तक पाकिस्तानी सेना ने सोचा नहीं था, भारतीय सेना ने कई सौ किलोमीटर अंदर धुसकर उन्हें मारा है। अब जो आतंकियों की मदद करेगा, उसे भी इसकी भारी कीमत चुकानी पड़ेगी। भारत का हर नागरिक कह रहा है कि अगर तुम गोली चलाओगे तो गोली का जवाब गोले से दिया जाएगा। ऑपरेशन सिंदूर हमारी नारी शक्ति के सामर्थ्य का प्रतीक बना है।
प्रधानमंत्री श्री मोदी ने कहा कि बीएसएफ का इस ऑपरेशन में बड़ा रोल रहा है। बीएसएफ की बेटियां सीमा से मोर्चा संभाल रही थीं। उन्होंने दुश्मनों की कई पोस्ट ध्वस्त कर अद्भुत शौर्य दिखाया है। आज दुनिया राष्ट्र रक्षा में भारत की बेटियों का शौर्य देख रही है। भारत सरकार ने पहली बार सैनिक स्कूलों के दरवाजे बेटियों के लिए खोले हैं। वर्ष 2014 से पहले एनसीसी में सिर्फ 25 प्रतिशत बेटियां कैडेट्स होती थीं। हमारी सरकार ने इसे 50 प्रतिशत किया है। उन्होंने बताया कि कल ही एनडीए से महिला कैडेट्स का पहला बैच पास आउट हुआ है। अब बेटियां मोर्चे पर तैनात हो रही हैं। बेटियां युद्धपोत संभालने से लेकर लड़ाकू विमान तक उड़ा रही हैं। नेवी की दो वीर बेटियों ने 250 दिनों में नाव से धरती का चक्कर लगाया है। यह बोट सिर्फ हवा से चलती है, यह दिखाता है कि चुनौती कितनी भी बड़ी हो भारत की बेटियां उस पर विजय पा सकती हैं। नक्सल ऑपरेशन में भी बेटियां सुरक्षा की ढाल बन रही है।
मुख्यमंत्री ड़ॉ. यादव ने स्वागत उद्बोधन में कहा कि दुनिया के सबसे बड़े गणतंत्र के नायक प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी देवी अहिल्याबाई होल्कर की पावन धरा पर पधारे हैं। हमारे लिए आज का दिन अद्वितीय है। लोकमाता अहिल्या महारानी का जन्म 300 वर्ष पूर्व हुआ। उन्होंने एक आदर्श बहू और आदर्श पत्नी रहते हुए शासन चलाया। देवी अहिल्या ने घर के धन और शासन के धन का अंतर बताया। उनके कार्यकाल को देखा जाए तो आज अहिल्या माता के सुशासन के आधार पर ही पूरा शासन तंत्र चल रहा है। मध्यप्रदेश में विगत 500 साल के काल पर नजर डालें तो गोंडवाना की रानी अवंतीबाई ने तीन बार अकबर को धूल चटाई थी। इसी प्रकार रानी दु्र्गावती ने भी मुगलों के सामने कभी भी आत्मसम्मान से समझौता नहीं किया। ग्वालियर की राजमाता सिंधिया ने भी भारतीय लोकतंत्र को मजबूत किया। प्रधानमंत्री श्री मोदी ने इंदौर की सुमित्रा ताई को लोकसभा अध्यक्ष की जिम्मेदारी देकर प्रदेश का मान बढ़ाया। आज राष्ट्रपति भी एक महिला हैं। अहिल्या देवी की 300वीं जयंती के अवसर पर पूरे देश में कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।
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