Wednesday, August 12, 2020

वेदानुसार यज्ञ पाँच प्रकार के होते हैं-(1) ब्रह्मयज्ञ (2) देवयज्ञ (3) पितृयज्ञ (4) वैश्वदेव यज्ञ (5) अतिथि यज्ञ। यज्ञ का अर्थ है- शुभ कर्म। श्रेष्ठ कर्म। सतकर्म। वेदसम्मत कर्म। सकारात्मक भाव से ईश्वर-प्रकृति तत्वों से किए गए आह्‍वान से जीवन की प्रत्येक इच्छा पूरी होती है। (1) ब्रह्मयज्ञ : जड़ और प्राणी जगत से बढ़कर […]

Read More

. अयोध्याउत्तर प्रदेश के अयोध्य में आज से  राम मंदिर का भूमि पूजन शुरू हो गया है। माता सीता की कुलदेवी हर छोटी देवकाली और भगवान राम की कुलदेवी बड़ी देवकाली की पूजा कर अनुष्ठान का शुभारंभ किया गया। अयोध्या में स्थित दोनों धर्म स्थलों पर ट्रस्ट के सदस्य राजा विमलेंद्र मोहन प्रताप मिश्र ने […]

Read More

मगर वहीं दूसरी तरफ अगर दिन की शुरुवात ही आप कुछ बुरी आदतों के साथ करते हैं तो निश्चित रूप से इसका असर आपके शरीर पर काफी ज्यादा बुरा पड़ता है और साथ ही साथ आपकी सेहत भी अच्छी नहीं रहती है। तो चलिये आज हम आपको बताते हैं की सुबह उठकर वो कौन सी […]

Read More

ज्‍योतिषशास्‍त्र में जिस तरह हथेली की रेखाओं को देखकर व्यक्ति के बारे में बहुत कुछ पता किया जा सकता है। उसी तरह व्यक्ति के माथे पर भी उनके जीवन से जुड़ी कई बातों की जानकारी लिखी होती हैं। सामुद्रिक शास्‍त्र के मुताबिक़ व्यक्ति के माथे पर बनी रेखाओं और निशान से व्यक्ति की अमीरी और […]

Read More

रामपुर। शुक्रवार की रात पुलिस महकमे के एक सिपाही ने जिले के डीएम को सरेआम आड़े हाथ लेकर हड़काते हुये वापस घर भेज दिया दिया। लॉकडाउन में आधी रात को मोटर साइकिल पर शहर में घूमते पकड़े गए डीएम की सिपाही ने तबीयत से ‘क्लास’ ली। सिपाही ने डीएम को लॉकडाउन की अहमियत खुलकर सुनाई […]

Read More

मनुष्य के जीवन में मित्र को रिश्तेदारों से भी करीबी माना जाता है और अगर मित्र ही आपका नुकसान पहुंचाने की मंशा रखता हो तो वो दुश्मन से भी ज्यादा खतरनाक हो जाता है. ऐसे में सच्चे मित्र की पहचान कैसे की जाए, इसे लेकर आचार्य चाणक्य ने अपने नीति ग्रंथ (चाणक्य नीति) में कई […]

Read More

🌷🌷🌷🌷🌷🌷🌷❤विचार:- ◆◆◆◆◆◆ 🔹जीवन में खुश रहने के लिए हमें यह जानना जरूरी है कि हम क्यों नाखुश रहते हैं. यह बात मूल बात है जिसे समझ कर हम जीवन को खुशहाल बना सकते हैं. हम कई कारणों से नाखुश रहते हैं . पहला कारण है -इस बदलती दुनिया की जटिलताएं . दूसरा है- तमाम भौतिक […]

Read More

*पंडित पवन शास्त्री जमीन में गड़ा धन निकालने के उपाय, खजाना मिलना किस्मत की बात होती है, जो सभी के नसीब में नहीं होता। सदियों से  लोगों को यह विश्वास रहा है कि खास जगहों की जमीन के नीचे खजाना दबा होता है, जिसे जादू-टोने और तांत्रिक साधनाआंें से पता लगाया जा सकता है। जमीन में […]

Read More

कर्पूरगौरं करुणावतारं संसारसारं भुजगेन्द्रहारं। सदा वसन्तं हृदयारविन्दे भवं भवानी सहितं नमामि।। शास्त्रों में पूजा के पांच प्रकार बतलाए गए हैं–अभिगमन, उपादान, योग, स्वाध्याय और इज्या। भगवान के स्थान को साफ करना, पोंछा लगाना, निर्माल्य (चढ़ी हुई पूजा सामग्री) को हटाना, आदि को ‘अभिगमन’ कहते हैं। पूजा के चंदन, पुष्प आदि सामग्री तैयार करना ‘उपादान’ है। […]

Read More
1 2 3 6