करोड़पति स्वीपर : जिसके खाते में पड़े हैं 70 लाख, बैंक से बोला – क्यों निकालूं, जब जरूरत नहीं

प्रयागराज, फटे पुराने और बदबूदार कपड़े पहनकर सीएमओ ऑफिस आने वाले जिस स्वीपर को लोग बेहद गरीब और भीख मांगने वाला समझते थे, वो करोड़पति निकला तो अधिकारियों के भी होश फाख्ता हो गए। मामला यूपी के प्रयागराज का है, जहां सीएमओ ऑफिस के आसपास लोगों के पैर छूकर हर दिन रुपए मांगने वाला स्वीपर धीरज की सच्चाई ने उसके अधिकारियों ही नहीं, बल्कि हर शख्स के होड़ उड़ा दिए हैं। आइए जानते हैं क्या है पूरा मामला ?

पिता की मौत के बाद मिली थी स्वीपर की नौकरी

धीरज के पिता सुरेश चंद्र जिला कुष्ठ रोग विभाग में स्वीपर के पद पर कार्यरत थे। नौकरी में रहते ही उनका निधन हो गया था, जिसके बाद धीरज को दिसंबर 2012 में मृतक आश्रित पर उसी विभाग में स्वीपर के पद पर नौकरी मिल गई। धीरज की वेशभूषा, कपड़े देखकर कोई भी उसे बेहद गरीब और भिखारी समझता था। धीरज खुद भी ऐसी ही हरकतें करते हुए लोगों के पैर छूकर पैसे मांगता था। सीएम ऑफिस के अधिकारी और कर्मचारी सहित हर कोई उसे गरीब ही समझता था।

बैंक अधिकारी पहुंचे ऑफिस, तब लोगों को पता चली स्वीपर की हकीकत

लेकिन, दो दिन पहले धीरज के बारे में सभी को कुछ ऐसा पता चला कि विश्वास करना मुश्किल हो गया। दरअसल, बैंक के कुछ अधिकारी कुष्ठ रोग विभाग में पहुंचे और धीरज के बारे में पूछताछ की। धीरज बैंक वालों को देखकर इधर-उधर हो गया। काफी तलाश के बाद धीरज उन्हें मिल गया। बैंक के अधिकारियों ने धीरज से बैंक से लेन-देन करने को कहा। इस पर उसने साफ मना कर दिया कि वह रुपए नहीं निकालेगा, क्योंकि उसे रुपए की कोई जरूरत नहीं है।

स्वीपर के खाते में 70 लाख रुपए, अपनी जमीन और मकान भी

स्वीपर धीरज के खाते में 70 लाख रुपए हैं। प्रयागराज में उसके नाम पर मकान और जमीन भी है। हैरान करने वाली ये भी है कि उसने 10 साल से अपनी सैलरी ही नहीं निकाली है। धीरज ने बताया कि उसके पिता भी कभी अकाउंट से अपनी सैलरी नहीं निकालते थे। पिता की तरह वह भी सड़क पर चलते लोगों, विभागीय अधिकारियों और कर्मचारियों से रुपए मांगता रहता है। इसमें मिले पैसे से ही वह अपना खर्चा चलाता है। इसके अलावा मां को भी पेंशन मिलती है।

शादी क्यों नहीं करना चाहता करोड़पति स्वीपर ?

धीरज टीबी सप्रू अस्पताल कैंपस में अपनी मां और एक बहन के साथ रहता है। धीरज शादी नहीं करना चाहता, क्योंकि उसे डर है कि कहीं कोई उसके रुपए न निकाल ले। विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों को जब स्वीपर धीरज की हकीकत पता चली तो हैरान रह गए। अब अस्पताल और विभाग के लोग उसे ‘करोड़पति स्वीपर’ कहकर बुलाने लगे हैं।

http://thenewslight.com/TNL51172
Connect with us

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!