कृषि विधेयकों का विरोधः अब एनडीए से भी अलग हुआ शिरोमणि अकाली दल

केंद्र सरकार के कृषि विधेयकों का विरोध कर रही शिरोमणि अकाली दल ने अब एनडीए से अलग होने का ऐलान किया है.

9 दिन पहले केंद्र सरकार में मंत्री हरसिमरत कौर ने भी पद से इस्तीफ़ा दे दिया था.

अकाली दल भाजपा की पुरानी सहयोगी पार्टी रही है और लंबे समय से एनडीए का हिस्सा थी.

आज शिरोमणि अकाली दल की कोर समिति की बैठक में सर्वसम्मति से एनडीए से अलग होने का फ़ैसला लिया गया है.

शिरोमणि अकाली दल के नेता सुखबीर बादल ने एक ट्वीट में बताया है कि पार्टी एक अक्तूबर को पंजाब में बड़ा किसान मार्च करेगी और राष्ट्रपति के नाम राज्यपाल को ज्ञापन सौपेंगी

सुखबीर बादल ने एसएडी के एनडीए से अलग होने की जानकारी देते हुए कहा कि ये फ़ैसला पार्टी कोर समिति ने सर्वसम्मति से लिया है.

बादल ने कहा, ‘जब ये अध्यादेश कैबिनेट में लाए गए थे, तब भी हरसिमरत कौर बादल ने केंद्रीय मंत्री के रूप में कई बार किसानों की भावनाओं के अनुसार बिलों को बदलने के लिए कहा था, लेकिन हमारी बात नहीं मानी गई.’

वहीं पंजाब के मुख्यमंत्री और कांग्रेस पार्टी के नेता कैप्टन अमरिंदर सिंह ने कहा है कि बादल परिवार के पास एनडीए से अलग होने के अलावा और कोई विकल्प नहीं रह गया था.

उन्होंने कहा, ‘अकाली दल के एनडीए से अलग होने में कोई नैतिकता नहीं है. बीजेपी नेताओं के उन पर कृषि अध्यादेशों को लेकर किसानों को समझाने में नाकाम रहने के आरोप लगाने के बाद उनके पास एनडीए को छोड़ने के अलावा और कोई विकल्प रह भी नहीं गया था

मोदी बोले, आख़िर कब तक भारत को संयुक्त राष्ट्र के निर्णय लेने की व्यवस्था से अलग रखा जाएगा?

संयुक्त राष्ट्र की महासभा को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा, “पिछले 8-9 महीने से पूरा विश्व कोरोना वैश्विक महामारी से संघर्ष कर रहा है. इस वैश्विक महामारी से निपटने के प्रयासों में संयुक्त राष्ट्र कहां है? एक प्रभावशाली रिस्पॉन्स कहां है?”

“विश्व के सबसे बड़े वैक्सीन उत्पादक देश के तौर पर आज मैं वैश्विक समुदाय को एक और आश्वासन देना चाहता हूं. भारत की वैक्सीन प्रोडक्शन और वैक्सीन डेलिवरी क्षमता पूरी मानवता को इस संकट से बाहर निकालने के लिए काम आएगी

“महामारी के इस मुश्किल समय में भी भारत के दवा उद्योग ने 150 से अधिक देशों को जरूरी दवाइयां भेजीं हैं.”

पाकिस्तान का नहीं लिया नाम

शुक्रवार को इमरान ख़ान ने अपने भारत का ज़िक्र किया था जिसके बाद कयास लाए जा रहे थे मोदी भी पाकिस्तान पर टिप्पणी कर सकते हैं, हालांकि मोदी ने पाकिस्तान का ज़िक्र कहीं नहीं किया.

आतंकवाद पर बात करते हुए उन्होंने कहा, “भारत की आवाज़ मानवता, मानव जाति और मानवीय मूल्यों के दुश्मन- आतंकवाद, अवैध हथियारों की तस्करी, ड्रग्स, मनी लाउंडरिंग के खिलाफ उठेगी.”

भारत के लिए यूएन में बड़ी भूमिका की वकालत

संयुक्त राष्ट्र में दिए अपने भाषण में पीएम मोदी ने संयुक्त राष्ट्र में भारत की बड़ी भूमिका बेहतर बनाने की बात की. उन्होंने कहा, “भारत के लोग संयुक्त राष्ट्र के सुधार को लेकर जो प्रक्रिया चल रही है, उसके पूरा होने का लंबे समय से इंतजार कर रहे हैं. भारत के लोग चिंतित हैं कि क्या ये प्रक्रिया कभी तार्किक अंत तक पहुंच पाएगी. आखिर कब तक भारत को संयुक्त राष्ट्र के निर्णय लेने की व्यवस्था से अलग रखा जाएगा.”

“एक ऐसा देश, जो दुनिया का सबसे बड़ा लोकतंत्र है, एक ऐसा देश, जहां विश्व की 18 प्रतिशत से ज्यादा जनसंख्या रहती है, एक ऐसा देश, जहां सैकड़ों भाषाएं हैं, सैकड़ों बोलियां हैं, अनेकों पंथ हैं, अनेकों विचारधाराएं हैं.”

“भारत ने 50 पीसकीपिंग मिशन में जांबाज़ सैनिक भेजे. भारत ने सबसे ज़्यादा अपने वीर सैनिकों को खोया है. संयुक्त राष्ट्र में अपने योगदान को देखते हुए अपनी भूमिका भी देख रहा है.”

“जिस देश ने वर्षों तक वैश्विक अर्थव्यवस्था का नेतृत्व करने और वर्षों की गुलामी, दोनों को जिया है, जिस देश में हो रहे परिवर्तनों का प्रभाव दुनिया के बहुत बड़े हिस्से पर पड़ता है, उस देश को आखिर कब तक इंतजार करना पड़ेगा?”

“विश्व के सब से बड़े लोकतंत्र होने की प्रतिष्ठा और इसके अनुभव को हम विश्व हित के लिए उपयोग करेंगे. हमारा मार्ग जनकल्याण से जगकल्याण का है. भारत की आवाज़ हमेशा शांति, सुरक्षा, और समृद्धि के लिए उठेगी.”

मोदी ने गिनाई उपलब्धियां

पीएम मोदी ने जनरल एसेंबली के मंच पर भारत की कई उपलब्धियां गिनाई. उन्होंने कहा, “400 मिलियन लोगों को बैंकिंग व्यवस्था से जोड़ कर भारत ने कर दिखाया. 600 मिलियन लोगों को खुले में शौच से मुक्त कर के दिखाया.”

“सिर्फ 4-5 साल में 400 मिलियन से ज्यादा लोगों को बैंकिंग सिस्टम से जोड़ना आसान नहीं था. लेकिन भारत ने ये करके दिखाया. सिर्फ 4-5 साल में 600 मिलियन लोगों को खुले में शौच से मुक्त करना आसान नहीं था. लेकिन भारत ने ये करके दिखाया.”

“आज भारत अपने गांवों के 150 मिलियन घरों में पाइप से पीने का पानी पहुंचाने का अभियान चला रहा है. कुछ दिन पहले ही भारत ने अपने 6 लाख गांवों को ब्रॉडबैंड ऑप्टिकल फाइबर से कनेक्ट करने की बहुत बड़ी योजना की शुरुआत की है.”

उन्होंने कहा कि ने महिला उद्यमी कको बढ़ावा देने के लिए बड़े स्तर पर प्रयास किया. उन्होंने कहा, “भारत उन देशों में से एक है जहां महिलाओं को 26 हफ्ते की पेड मैटरनिटी छुट्टी दी जा रही है.

लाल सिंह आर्य को मिली राष्ट्रीय भाजपा में बड़ी जिम्मेदारी

भारतीय जनता पार्टी ने आज अपनी बहू प्रतीक्षित राष्ट्रीय कार्यकारिणी की घोषणा कर दी । इसमे एक बड़ी खबर एमपी खासकर चम्बल अंचल को मिली । प्रदेश के प्रमुख दलित नेता और पूर्व मंत्री लाल सिंह आर्य को एक बड़ी भूमिका देते हुए उन्हें भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष बनाया गया है । अंचल से इस बड़े पद पर पहुंचने वाले वे पहले दलित नेता है ।

मूलतः संघ बैकग्राउंड से निकले भिंड के लाल सिंह आर्य न केवल अच्छे वक्ता और मृदुभाषी और मिलनसार नेता है । वे गोहद क्षेत्र से विधायक और मंत्री रहे थे लेकिन विगत चुनाव वे कांग्रेस के रणवीर जाटव से हार गए थे। लेकिन बाद में जाटव विधायक पद छोड़कर भाजपा में शामिल हो गए । गोहद में उप चुनाव है और अब भाजपा से जाटव उम्मीदवार है । माना जा रहा है कि उनकी नाराजी कम करने को लेकर भी आर्य को यह ऊंचा ओहदा दिया गया है ।

नई कार्यकारिणी में कैलाश विजयवर्गीय को एक बार फिर महासचिव बनाया गया है जबकि सुधीर गुप्ता को सह कोषाध्यक्ष बनाया गया है ।

अनिल अंबानी ने बयां किया माली हाल- कोर्ट के खर्चे में बिक गए सारे गहने, मेरे पास सिर्फ़ एक कार, खर्च चला रहे परिवारवाले

अंबानी की आर्थिक हालत ऐसी हो गई है कि अपने वकीलों की फीस भरने के लिए उन्हें गहने बेचने पड़ रहे हैं। यूके की एक अदालत को अपनी माली हाल बयां करते हुए अंबानी ने कहा कि वो एक साधारण जीवन जी रहे हैं और वो सिर्फ एक कार इस्तेमाल करते हैं।

कर्ज में फंसे भारत के कारोबारी अनिल अंबानी की वित्तीय स्थिति काफी खराब हो गई है। कभी देश के सबसे अमीर उद्योगपतियों में शुमार अनिल अंबानी के पास आज अपने वकीलों की फीस देने तक के पैसे नहीं है। अंबानी की आर्थिक हालत ऐसी हो गई है कि अपने वकीलों की फीस भरने के लिए उन्हें गहने बेचने पड़ रहे हैं। यूके की एक अदालत को अपनी माली हाल बयां करते हुए अंबानी ने कहा कि वो एक साधारण जीवन जी रहे हैं और वो सिर्फ एक कार इस्तेमाल करते हैं।

अंबानी शुक्रवार को लंदन में उच्च न्यायालय के समक्ष पेश हुए थे। वे चीनी बैंकों का कर्ज नहीं चुका पाने के मामले में मुकदमा झेल रहे हैं। अंबानी वीडियो लिंक के माध्यम से कोर्ट में पेश हुए थे। उनसे तीन घंटे तक सवाल-जवाब किए गए। इस दौरान उनकी संपत्ति, देनदारियों और खर्चों को लेकर सवाल पूछे गए। अंबानी ने कोर्ट को बताया कि इस साल जनवरी से जून के बीच उन्होंने 9.9 करोड़ रुपये के गहने बेचे हैं। अब उनके पास कोई कीमती समान नहीं है।

अंबानी ने कीमती कारों को लेकर कहा कि यह सब मीडिया में अफवाहें फैलाई जा रही हैं। उन्होंने कहा “मेरे पास कभी रॉल्स रॉयस नहीं थी। अभी मैं सिर्फ एक कार का उपयोग कर रहा हूं।” सुनवाई के बाद अनिल अंबानी के प्रवक्ता की तरफ से जारी एक बयान में कहा गया है कि वो हमेशा से ही एक सामान्य जिंदगी जीने में विश्वास करते हैं जबकि उनके बारे में कई तरह की कोरी अफवाहें उड़ती रहती हैं।

अनिल अंबानी ने अदालत में कहा कि उनका खर्च बेहद कम है, जो उनकी पत्नी और परिवार वहन करते हैं। उनकी कोई चकाचौंध भरी जिंदगी नहीं है और ना ही आमदनी का कोई अन्य विकल्प है। उन्होंने कहा कि वे कानूनी खर्च गहने बेचकर जुटा रहे हैं और बाकी खर्चों के लिए दूसरी संपत्तियां बेचने की कोर्ट से अनुमति की दरकार होगी।

वहीं इंडस्ट्रियल ऐंड कमर्शल बैंक ऑफ चाइना, एक्सपोर्ट ऐंड इंपोर्ट बैंक ऑफ चाइना और चाइना डिवेलपमेंट बैंक ने भी जारी बयान में कहा कि वो अंबानी के खिलाफ बाकी सभी कानूनी विकल्पों का इस्तेमाल करेंगे। इससे पहले यूके हाई कोर्ट ने 22 मई को अंबानी से चीन के तीन बैंकों का कर्ज़ चुकाने का आदेश दिया था। कोर्ट ने 12 जून तक 71,69,17,681 डॉलर यानि करीब 5,281 करोड़ रुपये का कर्ज़ और 7 करोड़ रुपये बतौर कानूनी खर्च के रूप में भुगतान करने को कहा था।

चीनी बैंकों ने कोर्ट से अनिल अंबानी की संपत्तियों का खुलासा करने की मांग की थी। 29 जून को मास्टर डेविसन ने अंबानी को ऐफिडेविट के जरिए पूरी दुनिया में फैली अपनी उन संपत्तियों का खुलासा करने का आदेश दिया जिनकी कीमत 1,00,000 लाख डॉलर यानि करीब 74 लाख रुपये से ज्यादा है। उनसे ऐफिडेविट में यह भी बताने को कहा गया कि उन संपत्तियों में उनकी पूरी हिस्सेदारी है या वो इनके किसी के साथ संयुक्त हकदार हैं।

भाजपा पर हमला करते हुए पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने कहा कि BJP के नेता चुनाव से भागना चाहते हैं, इसलिए कल उपचुनाव का ऐलान भी नहीं किया गया.


नई दिल्ली.  मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) के पूर्व मुख्यमंत्री और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ (Kamal Nath) ने उपचुनाव को लेकर बताया कि उम्मीदवारों की दूसरी सूची एक दो दिन में ही जारी हो जाएगी. अभी समीकरणों को ध्यान में रखकर दावेदारों के नामों पर विचार किया जा रहा है. दो दिन दिल्ली में रहने के दौरान कमलनाथ ने उम्मीदवारों के नामों पर राज्य कांग्रेस प्रभारी मुकूल वासनिक (Mukul Wasnik) से भी चर्चा की है. कमलनाथ ने बताया कि कुछ उम्मीदवारों के नामों का ऐलान आज या कल हो सकता है. उन्होंने कहा कि सीट पर जातीय समीकरण (Ethnic Equation) को देख रहे हैं. कार्यकर्ता और जनता की क्या राय है यह भी उम्मीदवार चयन में देखा जा रहा है.

वहीं, भाजपा पर हमला करते हुए पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने कहा कि भाजपा के नेता चुनाव से भागना चाहते है, इसलिए कल उपचुनाव का ऐलान भी नहीं किया गया. उन्होंने कहा कि वो चाहते हैं भाजपा जनता के बीच में आकर हिसाब दे. मुख्यमंत्री शिवराज सिंह को झूठा करार देते हुए कमलनाथ ने कहा कि शिवराज सिंह सिर्फ घोषणाएं करने में लगे हैं. पृरानी घोषणों का पता नहीं नई कर रहे हैं. कटाक्ष करते हुए उन्होंने कहा कि जितना केंद्र सरकार का बजट नहीं है, उससे ज्यादा की घोषणाएं मध्य प्रदेश में मुख्यमंत्री कर चुके हैं. उन्होंने कहा कि भाजपा को 15 साल बाद जनता ने घर बैठाया था, इन लोगों ने सौदा करके फिर से कुर्सी संभाल ली. प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ ने दोहराया कि कांग्रेस उम्मीदवारों की सूची जल्द आएगी. कहीं कोई विवाद भी नहीं है. साथ ही उन्होंने दावा किया कि उपचुनाव की घोषणा होने से पहले कांग्रेस अपने उम्मीदवारों की सूची जारी कर देगी.

वहीं, मध्य प्रदेश भाजपा के पूर्व अध्यक्ष राकेश सिंह ने कमलनाथ पर पलटवार करते हुए उन्हें ही नोटों का सौदागर करार दिया. उन्होंने कहा कि यह हास्यास्पद है कि नोटों का सौदागर किसी दूसरी सरकार को नोटों की सरकार कह रहे हैं. राकेश सिंह ने दावा किया कि उप चुनाव में भाजपा की जीत होगी. आने वाले समय मे हार के बाद कांग्रेस नेतृत्व से बचने के लिए कमलनाथ ऐसे बयान देकर अपने बचने का रास्ता निकाल रहे है. उन्होंने कहा कि भाजपा की सरकार बनने के बाद लोगों ने परिवर्तन महसूस किया है और सुशासन किसी कहते यह भी देख रहे हैं. सुशासन के बल पर ही 28 सीटों पर भाजपा की जीत होगी.

राकेश सिंह ने कहा कि भाजपा के उम्मीदवार तय करने और चुनाव की तारीखों का ऐलान करने का अधिकार कांग्रेस के पास नहीं है. कटाक्ष करते हुए उन्होंने कि कांग्रेस अपने उम्मीदवारों को सहज कर रखे. उन लोगों के मन मे क्या है भाजपा जानती है. उन्होंने कहा कि कमलनाथ संवैधानिक पदों पर रहे हैं, वो बखूबी जानते हैं कि चुनाव की तारीखों का ऐलान चुनाव आयोग करता है. आयोग को जब लगेगा तो तारीखों का ऐलान कर देगा. साथ ही कमलनाथ द्वारा मुख्यमंत्री शिवराज सिंह को झूठा करार देने मुद्दे पर राकेश सिंह ने कहा कि वह सिर्फ अपनी खीज निकल रहे हैं. मध्य प्रदेश में कमलनाथ को धोखे से एक अवसर मिला था, इसमें वो खुदको और कांग्रेस को साबित कर सकते थे.

Apple Cider Vinegar: सेब के सिरके के इन 7 हेल्थ बेनिफ़िट्स के बारे में नहीं जानते होंगे आप!

Apple Cider Vinegar: आपने ये कई बार सुना होगा कि रोज़ाना एक सेब खाने से आप बीमारियों से दूर रह सकते हैं। ज़रा सोचिए अगर सेब इतना फायदेमंद है, तो इससे बनने वाला सिरका कितना कमाल का होगा। कई लोग खाने में भी सेब के सिरके का इस्तेमाल करते हैं। सेब का सिरका खाने का स्वाद बढ़ाने के साथ-साथ वज़न को भी निंयत्रण में रखता है। 

क्या है एप्पल साइडर विनेगर

सबसे पहले जानते हैं कि विनेगर क्या है। इस विनेगर को टू-स्टेप प्रोसेस से बनाया जाता है। पहले स्टेप में सेब को क्रश या कुचल कर खमीर उठाया जाता है, जो शुगर को फर्मेंट करता है और उन्हें एलकोहल में बदल देता है। दूसरे स्टेप में इस अल्कोहल सॉल्यूशन में बैटीरिया मिलाए जाते हैं, जो अल्कोहल को फर्मेंट कर एसेटिक एसिड में बदल जाता है। यह विनेगर में एक एक्टिव कंपोनेंट होता है। एप्पल साइडर विनेगर में एसेटिक एसिड की मात्रा लगभग 5 से 6 फीसद तक होती है। एप्पल साइडर विनेगर में एसेटिक एसिड के अलावा, पानी और थोड़ी मात्रा में अन्य एसिड, विटामिन और मिनरल्स भी शामिल होते हैं।

आइए आज जानें सेब के सिरके यानी Apple Cider Vinegar के सेवन से क्या-क्या फायदे होते हैं।ख़तरनाक बीमारियों से बचाता है

सलाद में अकसर सेब के सिरके का इस्तेमाल ड्रेसिंग के तौर पर किया जाता है। इससे सलाद का स्वाद को बढ़ता ही है, साथ ही शरीर को कई फायदे भी पहुंतचे हैं। इसे खाने से डायबिटीज़, कैंसर, दिल से संबंधित बीमारियां से बचा जा सकता है। कई रिसर्च में भी ये बात सामने आई है कि इसके सेवन से कैंसर तक की रोकथाम में मदद मिलती है।

लीवर को रखता है हेल्दी

सेब का सिरका लीवर के लिए काफी फायदेमंद होता है। ये लीवर को डिटॉक्स कर उसके क्षमता को बढ़ाने में मदद करता है।

. इम्यूनिटी को करता है मज़बूत

सेब के सिरके में मौजूद विटामिन-सी आपकी रोग प्रतिरोधक क्षमता यानी इम्यून सिस्टम को बढ़ावा देने का भी काम करता है। कोरोना वायरस महामारी के इस दौर में  कमज़ोर इम्यूनिटी वालों को इसका सेवन ज़रूर करना चाहिए.

कोलेस्ट्रॉल को कम करता है

इसमें मौजूद एसिटिक एसिड शरीर के खराब कोलेस्ट्रॉल के स्तर को कम करने में मदद करता है। दिल से जुड़ी बीमारियां से रक्षा करता है। ख़ासकर इसके सेवन से ब्लड क्लॉटिंग की समस्या नहीं होती।

. ब्लड प्रेशर में फायदेमंद 

Apple Cider Vinegar शरीर में पीएच के स्तर को सामान्य रखता है। जिसकी वजह से ब्लड प्रेशर कम करने में मदद मिलती है। इसमें मौजूद पोटेशियम उच्च रक्तचाप से बचाता है। 

. दर्द से राहत दिलाता है

इसमें मौजूद एंटी-इंफ़्लेमेट्री गुण दर्द से राहत दिलाने में मदद करते हैं। जोड़ों में दर्द की शिकायत होने पर सेब के सिरके का सेवन करने से लाभ मिलता है।

. दांतो को देता है मज़बूती

सेब का सिरका दातों और मसूडों को नुकसान पहुंचाने वाले बैक्टीरिया से लड़ता है और उन्हें मज़बूती देता है। 

Disclaimer:लेख में उल्लिखित सलाह और सुझाव सिर्फ सामान्य सूचना के उद्देश्य के लिए हैं और इन्हें पेशेवर चिकित्सा सलाह के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए। कोई भी सवाल या परेशानी हो तो हमेशा अपने डॉक्टर से सलाह लें।

संयुक्त राष्ट्र महासभा में इमरान खान के जहरीले भाषण पर भारत का वॉकआउट

संयुक्त राष्ट्र महासभा में विभिन्न देशों के नेता संबोधित कर रहे हैं। कोरोना वायरस के कारण इन राष्ट्र प्रमुखों के रिकॉर्ड किए गए वीडियो संदेश प्रतिनिधि सभा में दिखाए जा रहे हैं। शुक्रवार को पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान का संबोधन दिखाया गया। अपनी फितरत के मुताबिक इमरान खान ने जहर उगला और कश्मीर समेत कई मुद्दों पर दुनिया को झूठ परोसने की कोशिश की। इस पर UNGA में मौजूद भारत के प्रतिनिधि ने वॉकआउट कर दिया। असेंबली चैम्बर की पहली कतार की दूसरी सीट पर बैठे फर्स्ट सेकेट्ररी मिजितो विनितो उठ कर चले गए। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का संबोधन आज शाम प्रसारित होगा।

इमरान खान ने अपनी स्पीच में भारत पर हमला किया और एक तरह से आतंकवादियों को समर्थन देने की घोषणा की। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री ने कहा, पाकिस्तान सरकार और लोग कश्मीरी भाइयों और बहनों के आत्मनिर्णय के लिए जारी संघर्ष का समर्थन करते हैं और उनके साथ खड़े रहने के लिए प्रतिबद्ध हैं। भारत पर पाकिस्तान सरकार द्वारा प्रायोजित किसी भी हमले में शामिल होने से इमरान खान ने इनकार किया और कहा कि इसका झूठा प्रचार किया जा रहा है।

इमरान ने यह भी कहा कि भारत महात्मा गांधी के धर्मनिरपेक्षता को त्याग रहा है और हिंदुत्व राज्य की ओर बढ़ रहा है। इमरान खान ने प्रधानमंत्री मोदी पर व्यक्तिगत टिप्पणी करने के साथ-साथ भारत में मुस्लिमों की स्थिति को लेकर मनगढ़ंत आरोप लगाए।

ग्वालियर में बने अंतर्राष्ट्रीय कन्वेंशन सेंटर का लोकार्पण , वीडियो काॅन्फ्रेंसिंग के जरिए राज्यपाल और सीएम भी कार्यक्रम में शामिल

‌ग्वालियर। जीवाजी विश्वविद्यालय के अटल बिहारी वाजपेयी अंतरराष्ट्रीय कन्वेंशन सेंटर का लोकार्पण समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम में बीडियो कांफ्रेसिंग के जरिये राज्यपाल आनन्दी बेन पटेल, सीएम शिवराज सिंह चैहान, राज्यसभा सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया शामिल हुए। ग्वालियर में लोकार्पण समारोह कार्यक्रम में केंद्रीय मंत्री नरेंद्र सिंह , ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न तोमर, उच्च शिक्षा मंत्री मोहन सिंह यादव , सांसद विवेक नारायण शेजवलकर और जीवाजी यूनिवर्सिटी की कुलपति संगीता संगीता शुक्ला ने कन्वेंशन सेंटर का लोकार्पण किया। इस मोंके पर सवर्प्रथम राज्यसभा सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया ने ऑनलाइन सम्बोधित किया और कहा कि अटल बिहारी बाजपेयी के नाम पर यह इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर बना है जो 23 करोड़ की लागत से बना है मैं केंद्रीय मंत्री नरेंद्र सिंह को धन्यबाद देता हूँ।

सीएम शिवराज ने कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए कहा कि मैं प्रत्यक्ष रूप से इस कार्यक्रम में सम्मिलित होना चाहता था लेकिन कार्यक्रम व्यस्तता की बजह से नही हो पाया, अटल जी ग्वालियर के नही प्रदेश के नही बल्कि हमारे देश का गौरब है। सांसद निधि का साकारात्मक उपयोग करने बाले केंद्रीय मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर को धन्यवाद देता हूँ राज्यपाल आनन्दी बेन पटेल ने भी जीवाजी यूनिवर्सिटी प्रवंधन को सर्व सुविधा युक्त इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर की बनने की बधाई दी। कार्यक्रम में केंद्रीय मंत्री नरेंद्र सिंह ने अटल जी के नाम पर बने इस कन्वेंशन सेंटर बनने पर ग्वालियर वासियो को बधाई दी, उन्होंने कहा कि इससे बड़ा और सुविधा युक्त कन्वेंशन सेंटर एमपी में नही है। गौरतलब है कि मध्यप्रदेश का सबसे बड़ा इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर है अटल विहारी बाजपेयी कन्वेंशन सेंटर ।आधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित है इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर जिसमे इंटरनेशनल स्तर की सुविधाएं मौजूद है।

अचानक मुझे सोफे पर धकेल दिया, फिर उसने……पायल घोष ने लगाये अनुराग कशयप पर यौन शोषण के आरोप……….

बॉलीवुड के मशहूर फिल्म निर्माता-निर्देशक अनुराग कश्यप के ख़िलाफ अभिनेत्री पायल घोष ने साल 2013 की एक घटना पर एफआईआर दर्ज करवाई है। मुंबई वर्सोवा थाने में दिए अपने बयान में उन्होंने बताया है कि अनुराग से उनकी मीटिंग उस साल 3 बार हुई थी। घोष के अनुसार तीसरी मुलाकात अनुराग के घर पर हुई थी। वहीं मशहूर निर्देशक ने उन्हें सोफे पर धक्का दिया और अपनी पैंट खोल कर जबरदस्ती करने लगे।

अपने बयान मे पायल ने बताया  कि इस दौरान उन्होंने चिल्लाने की कोशिश की मगर, अनुराग ने उनका मुँह दबाकर उनका रेप किया।

पहली मुलाकात अनुराग के ऑफिस में

अभिनेत्री पायल घोष के अनुसार, साल 2013 के अगस्त महीने में उनकी कुछ ही दिनों में तीन मुलाकातें हुईं। पहली मीटिंग में वह अपने मैनेजर के साथ कश्यप से अंधेरी के आराम नगर स्थित उनके ऑफिस में मिलीं। बाकी दो मुलाकातें निर्देशक के घर पर हुई, जहाँ पायल घोष उनसे अकेले मिलने गईं।

दूसरी मुलाकात घर पर

दूसरी मुलाकात के बारे में बताते हुए घोष ने पुलिस को कहा उस दौरान अनुराग बड़े सलीके से पेश आए थे। वह कहती हैं, “दूसरी मुलाकात में मेरी उनसे दो घंटे से ज्यादा बातचीत चली। तभी उन्होंने मुझे अपने फिल्म करियर और उपलब्धियों के बारे में भी बताया। मैंने उनके साथ डिनर किया, फिर उन्होंने मुझे कुछ देर और रुकने को कहा। मगर मैं चली गई, क्योंकि ड्राइवर इंतजार कर रहा था।”

तीसरी मुलाकात में रेप

तीसरी मुलाकात का खुलासा करते हुए घोष ने बताया है कि कश्यप से दूसरी बार मिलने के बाद उन्हें कुछ दिन बाद मैसेज आया। इस मैसेज में कश्यप ने अभिनेत्री को एक रोल ऑफर करते हुए उनसे घर आकर मिलने को कहा। मैसेज में अनुराग कश्यप ने पायल घोष से अलग से कहा कि वह सलवार-कमीज पहनकर उनसे मिलने आए ताकि कोई उन्हें पहचान न पाए।

पायल घोष का बयान

पायल घोष ने बयान में कहा है, “लगभग 7:30 बजे मैं अपनी होंडा सिटी कार में अनुराग कश्यप के घर पहुँची। वह अंदर बैठकर स्मोक कर रहा था। घर से वाकई बहुत बदबू आ रही थी और जब मैंने उससे पूछा, तो उसने कहा कि वह मारिजुआना का सेवन कर रहा था। उसने मुझे भी स्मोक करने को कहा, लेकिन मैंने मना कर दिया। वह मुझे अपने फिल्मों के संग्रह को दिखाने के लिए दूसरे कमरे में ले गया। अपनी पुरानी फिल्मों के कैसेट दिखाते हुए, उसने अचानक मुझे सोफे पर धकेल दिया। फिर उसने अपनी पैंट खोली और मुझसे जबरदस्ती करने लगा। मैंने बहुत चिल्लाने की कोशिश की, लेकिन उसने मेरा मुँह दबा दिया और मेरा बलात्कार किया।”

पायल के अनुसार, इसके बाद उसे जैसे ही मौका मिला वह वहाँ से भाग निकली। पहले तो उसने आपबीती किसी के साथ साझा नहीं की, लेकिन कुछ दिनों बाद, उसने अपने मैनेजर और ड्राइवर को यह सब बताया।

पायल उस समय को याद करते हुए कहती हैं कि वह उस समय निर्देशक के खिलाफ शिकायत दर्ज कराने के लिए बेचैन थीं, लेकिन उनके कुछ करीबी दोस्तों ने उन्हें ऐसा करने से रोक दिया। साथ ही चेतावनी दी कि अगर वह अनुराग कश्यप जैसे बड़े निर्देशक के खिलाफ बोलती हैं तो शायद उन्हें फिल्म में काम नहीं मिलेगा।

पायल ने अपने बयान में कहा, “मीटू आंदोलन ने मुझे हिम्मत दी। मैंने इस महीने अपनी बहन और चचेरे भाई के साथ इसे साझा किया और अपने परिजनों से सलाह-मशविरा करने के बाद शिकायत दर्ज करने का फैसला किया।”

पुलिस को दिए अपने बयान में अभिनेत्री ने कहा है कि उनके मैनेजर ने साल 2013 में अनुराग कश्यप से उनकी पहली मीटिंग करवाने के लिए फेसबुक पर उन्हें रिक्वेस्ट भेजी थी।

 करीब एक हफ्ते पहले अभिनेत्री पायल घोष ने दावा किया था कि फिल्म निर्माता अनुराग कश्यप द्वारा उनका यौन उत्पीड़न किया गया था। उन्होंने बताया कि अनुराग कश्यप ने उन्हें सहज करने के लिए उनसे कहा था कि इंडस्ट्री में फिल्म निर्माताओं और अभिनेत्रियों के बीच शारीरिक संबंध आम बात है। पायल घोष ने आगे कहा कि ऐसा आदमी अब महिलाओं की स्वतंत्रता के लिए बोल रहा है, वह एक ‘f***ing hypocrite’ है।

पायल घोष ने यह गंभीर आरोप एबीएन तेलुगू को दिए इंटरव्यू में लगाए थे। इसके बाद एनसीडब्ल्यू अध्यक्ष ने अभिनेत्री को उन्हें सारी जानकारी और उनकी शिकायत भेजनी की सलाह दी थी। शुरुआत में तो इस मामले में मुंबई पुलिस ने अभिनेत्री की शिकायत नहीं लिखी। मगर बाद में आईपीसी की धारा 376, 354, 342, 342 के तहत मामला दर्ज करके जाँच शुरू कर दी थी। कहा जा रहा है कि इस 7 साल पुराने मामले में अनुराग को जल्द ही पूछताछ के लिए तलब किया जाएगा।