बड़ी-बड़ी बोरियों में भरकर जाता था हनुमान मंदिर से दान का पैसा! पढ़ें- आद्या तिवारी और मंदिर के चढ़ावे में हेरफेर की कहानी पुजारी की जुबानी

अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद (Akhil Bharatiya Akhara Parishad) के अध्यक्ष महंत नरेंद्र गिरि की मौत ( Narendra Giri Death Case) के मामले में नए-नए खुलासे हो रहे हैं. मामले में आरोपी आद्या प्रसाद तिवारी (Aadhya Tiwari) और उनके बेटे संदीप तिवरी को गिरफ्तार कर लिया गया. अब दोनों को लेकर कई और बातें सामने खुल कर आ रही है. प्रयागराज के बड़े हनुमान मंदिर (Hanuman Mandir) के पुजारी कृष्ण गिरि उर्फ पहाड़ी बाबा ने टीवी9 से खास बातचीत में कई बड़े खुलासे किए हैं.

पुजारी कृष्ण गिरि ने हनुमान मंदिर में चढावे में फेराफेरी की बात भी कही है. वहीं बताया कि आद्या तिवारी ने मंदिर का कंट्रोल अपने परिवार के हाथों में दे रखा है. पुजारी कृष्ण गिरि उर्फ पहाड़ी बाबा ने बताया कि “डेढ़ महीने पहले ही नरेंद्र गिरि ने आद्या तिवारी को हनुमान मंदिर से निकल जाने को कहा था और नरेंद्र गिरि आद्या से बेहद नाराज थे.

बड़ी-बड़ी बोरियों में भरकर बाघम्भरी गद्दी जाता था पैसा

पहाड़ी बाबा ने बताया कि आद्या का बेटा संदीप तिवारी मोबाइल चलाता और वीडियो बनाता था. कृष्ण गिरि ने बताया कि बाप बेटे आद्या तिवारी और संदीप तिवारी पहले बहुत गरीब थे, फिर दोनों ने खूब पैसा कमाया. उन्होंने बताया कि उनके पास कई कोठियां और गाड़ियां हैं. हनुमान मंदिर के पुजारी कृष्ण गिरि ने बताया कि हर मंगलवार को हनुमान मंदिर का दानपात्र खुलता था. जिसके बाद नोट बड़ी-बड़ी बोरियों में भरकर बाघम्भरी गद्दी जाते थे.

आद्या तिवारी का बड़ा बेटा अब भी मंदिर में कर रहा है काम

पुजारी कृष्ण गिरि ने बताया कि चढ़ावे में हेरफेर की बात सुनी थी. बताया गया कि महंत की मौत के मामले में गिरफ्तार आद्या तिवारी ने मंदिर का कंट्रोल अपने परिवार के हाथों में दे रखा है. वहीं आद्या तिवारी का बड़ा बेटा बबलू तिवारी आज भी प्रयागराज के बड़े हनुमान मंदिर में काम कर रहा है. टीवी9 की टीम जब वहां पहुंची तो बबलू कैमरा देखते ही भागने लगा. उसने भागते हुए बात की और माना कि वह आद्या तिवारी का बड़ा बेटा है.

बेटे ने पिता आद्या तिवारी और महंत नरेंद्र गिरि के बीच झगड़े की बात कबूली

वहीं बबलू तीवारी ने अपने पिता और महंत नरेंद्र गिरि के बीच हुए झगड़े की बात कबूल की. उससे जब चढ़ावे में हेरफेर के बारे में पूछा गया तो वह भाग गया. महंत नरेंद्र गिरि के मामले में दो अन्य आरोपियों आनंद गिरि और आद्या प्रसाद तिवारी को पहले ही गिरफ्तार कर लिया गया और बुधवार को मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत में पेश किया गया. अदालत ने इन दोनों आरोपियों को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया है.

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