मंगल ग्रह का वक्री होना किसको करेंगे मालामाल और किसको बरतनी है सावधानी.

🔹
➖श्रीमती प्रीति अय्यर➖
(आध्यात्मिक प्रवक्ता-ज्योतिषी)

ज्योतिष शास्त्र यह कहता है कि जिस जताक की कुंडली में मंगल वक्री होता है, उन्हें डॉक्टर, वैज्ञानिक या किसी रहस्यमय विद्या में रुचि रखने की संभावना प्रबल हो जाती है।

ज्योतिष शास्त्र में मंगल को क्रूर और विशेष ग्रह के तौर पर मान्यता प्राप्त है।
ज्योतिष में मंगल को क्रूर ग्रह के रूप में देखा गया है। परंतु, इसके बावजूद भी मंगल कई स्थितियों में मंगल शुभ फल भी देते हैं। ज्योतिष शास्त्र के मुताबिक मंगल ऊर्जा का कारक होता है। ज्योतिष शास्त्र यह कहता है कि जिस जताक की कुंडली में मंगल वक्री होता है, उन्हें डॉक्टर, वैज्ञानिक या किसी रहस्यमय विद्या में रुचि रखने की संभावना प्रबल हो जाती है। वक्री की अवस्था में मंगल अशुभ प्रभाव के परिणामस्वरूप व्यक्ति को गुस्सा अधिक आता है। जिसकी वजह से व्यक्ति आमतौर पर गलत कार्य करता है। साथ ही अपनी ऊर्जा को गलत कार्यों में लगाता है। इसके अलावा जातक दाम्पत्य सुख से वंचित रह जाता है। वहीं जब कुंडली में मंगल शुभ अवस्था में रहता है तो जातक नौकरी अथवा व्यापार में अचानक उन्नति के रास्ते पर आगे बढ़ता है।
जीवन शक्ति को सभी प्राणियों के शरीर में खून के रूप में संचालित करने वाले पृथ्वी पुत्र मंगल 09 सितंबर की मध्यरात्रि बाद 03 बजकर 48 मिनट पर वक्री हो रहे हैं। अपनी वक्री अवस्था में चलते मंगल 04 अक्तूबर को सुबह 10 बजकर 04 मिनट पर रेवती नक्षत्र एवं मीन राशि में प्रवेश करेंगे और पुनः 14 नवंबर की प्रातः 06 बजकर 04 मिनट पर मार्गी होकर 24 दिसंबर को सुबह 10 बजकर सुबह 10 बजकर 16 मिनट पर मेष राशि में प्रवेश करते हुए 22 फरवरी 2021 की सुबह 04 बजकर 33 मिनट तक गोचर करेंगे उसके बाद बृषभ राशि में प्रवेश कर जायेंगे। इस प्रकार ये 02 माह 04 दिन तक वक्री रहेंगे।
: मंगल का वक्री होना सभी राशियों के लिए कैसा प्रभाव कारक रहेगा इसका ज्योतिषीय विश्लेषण करते हैं।
💥मेष राशि- राशि स्वामी मंगल का आपकी की ही राशि में वक्री होना मिलाजुला फलदायक रहने वाला है। कहीं न कहीं पारिवारिक और मानसिक रूप से अपने आपको परेशान महसूस करेंगे। स्वभाव में भी उग्रता आ सकती है इसीलिए अपनी जिद एवं आवेश पर नियंत्रण रखते हुए कार्य करेंगे तो अच्छे सफल रहेंगे। कार्य क्षेत्र में भी झगड़े विवाद से दूर रहें और उच्चाधिकारियों से मधुर संबंध बनाए रखें।
💥वृषभ राशि- इस राशि के लिए मंगल सामान्यतः नुकसानदेय ही रहते हैं। राशि से हानि भाव में मंगल का वक्री होना अत्यधिक खर्च और आर्थिक तंगी का सामना करवाएगा। किसी संबंधी अथवा मित्र के द्वारा भी कष्ट कर समाचार भी मिल सकता है कोर्ट कचहरी के मामले भी बाहर ही सुलझा लें तो बेहतर रहेगा। यात्रा देशाटन का संयोग बनेगा। स्वभाव में लचीलापन तथा योजनाओं को गोपनीय रखते हुए कार्य करेंगे तो सफल रहेंगे।
💥 मिथुन राशि- मंगल का वक्री होना आपके लिए किसी वरदान से कम नहीं है। कार्यक्षेत्र का विस्तार तो होगा ही कोई बड़ा अनुबंध भी हासिल कर सकते हैं। शासन सत्ता का पूर्ण सुख मिलेगा। सरकारी विभागों में सर्विस हेतु आवेदन करना चाह रहे हों तो यह अवसर अनुकूल रहेगा। परिवार के वरिष्ठ सदस्यों एवं भाइयों से मतभेद गहरा सकता है इसे ग्रह योग समझकर बढ़ने ना दें। संतान संबंधी चिंता से मुक्ति मिलेगी।
💥 कर्क राशि- राशि से कर्म भाव में वक्री मंगल मिले-जुले फल कारक रहेंगे। इनकी अत्यधिक ऊर्जा शक्ति आपके स्वभाव में उग्रता ला सकती है जिसके फलस्वरूप अधिकारियों तथा ईस्ट मित्रों से झगड़े विवाद बढ़ सकते हैं अतः क्रोध पर नियंत्रण रखें। नौकरी में स्थान परिवर्तन तथा नई सर्विस के भी योग बन रहे हैं। जमीन जायदाद से जुड़े हुए मामलों का निपटारा होगा। वाहन का क्रय भी कर सकते हैं।
💥 सिंह राशि- मूल त्रिकोण में वक्री मंगल शिक्षा के क्षेत्र में अच्छी सफलता दिलाएंगे। अपने अदम्य साहस एवं पराक्रम के बल पर विषम परिस्थितियों पर भी नियंत्रण पा लेंगे। आपके द्वारा लिए गए निर्णय की सराहना भी होगी। धर्म-कर्म के मामलों में रुचि बढ़ेगी। विद्यार्थियों एवं प्रतियोगियों को परीक्षा में अच्छे अंक लाने के लिए कठिन प्रयास करने होंगे। विदेशी नागरिकता के लिए आवेदन करना बेहतर रहेगा।
💥 कन्या राशि- राशि से अष्टम भाव में वक्री मंगल आपके लिए मिलाजुले फल कारक रहेंगे। इस स्थान पर ये बहुत शुभ नहीं कहे जा सकते। स्वास्थ्य पर विपरीत प्रभाव पड़ेगा। कार्य क्षेत्र में भी षड्यंत्र का शिकार होने से बचें। बेहतर रहेगा कि व्यर्थ विवादों से दूर रहें कार्य संपन्न करें और सीधे घर आएं। बुरे लोगों की संगति से भी बचें अन्यथा आरोप-प्रत्यारोप का शिकार हो सकते हैं। अपने माता पिता के स्वास्थ्य के प्रति चिंतनशील रहें।
💥 तुला राशि- राशि से सप्तम भाव में मंगल आपके दांपत्य जीवन में अड़चनें ला सकता है इसे ग्रह योग समझकर बढ़ने न दें। ससुराल पक्ष से भी रिश्ते सहेज कर रखें। शादी विवाह से संबंधित वार्ता में भी कुछ विलंब हो सकता है। व्यापारियों के लिए योग अपेक्षाकृत बेहतर रहेगा। शासन सत्ता का पूर्ण सहयोग हासिल होगा। सरकारी सर्विस हेतु आवेदन करना भी बेहतर रहेगा। कोर्ट कचहरी के मामलों में भी निर्णय आपके पक्ष में आने के संकेत।
💥 वृश्चिक राशि- राशि स्वामी मंगल का छठे भाव में वक्री होना आपके लिए किसी वरदान से कम नहीं है। कोर्ट कचहरी के मामले आपके पक्ष में आने के संकेत। स्वास्थ्य के प्रति चिंतनशील रहें और इस अवधि के मध्य किसी को भी अधिक धन उधार के रूप में न दें अन्यथा धन के समय पर मिलने में संदेह। रोजगार की दिशा में किए गए प्रयास सार्थक रहेंगे। राजनीतिज्ञों तथा उच्चाधिकारियों से संबंध बढ़ेंगे और लाभ भी होगा।
💥 धनु राशि- राशि से पंचम भाव में मंगल का वक्री होना आपके प्रेम संबंधों के लिए बहुत शुभ नहीं कहा जाएगा। विवाह में भी कुछ अड़चनें आ सकती हैं। रोजगार तथा कार्य व्यापार में निरंतर उन्नति होती रहेगी। अपने कुशल नेतृत्व के बल पर आप शत्रुओं को भी परास्त कर लेंगे किंतु, संतान संबंधी चिंता तंग कर सकती है। शिक्षा प्रतियोगिता में अच्छी सफलता प्राप्ति के भी योग। बड़े भाइयों से मतभेद बढ़ने न दें।
💥 मकर राशि- राशि से चतुर्थ भाव में मंगल का वक्री होना आपके लिए पारिवारिक कलह एवं मानसिक अशांति का सूचक है। साहस एवं धैर्य की कठोर परीक्षा होने वाली है। जमीन जायदाद से जुड़े मामलों का निपटारा होगा। केंद्र अथवा राज्य सरकार विभागों से किसी भी तरह का कार्य संपन्न करवाना हो तो अवसर अच्छा है। सामाजिक कार्यों में भी हिस्सा लेंगे, पद प्रतिष्ठा भी बढ़ेगी किन्तु तनाव और विवाद पीछा नहीं छोड़ेगा।
💥 कुंभ राशि- राशि से पराक्रम भाव में मंगल का गोचर आपके लिए अति शुभ रहेगा। अपने अदम्य साहस और पराक्रम के बल पर विषम हालात को भी सामान्य कर लेंगे। शत्रु परास्त होंगे। कोर्ट कचहरी के मामलों में भी निर्णय आपके पक्ष में आने के संकेत किंतु इस अवधि के मध्य किसी को भी अधिक धन उधार के रूप में न दें अन्यथा समय पर वापस मिलने में संदेह रहेगा। विदेशी नागरिकता के लिए आवेदन करने की दृष्टि से गोचर अनुकूल।
💥 मीन राशि- आपके लिए मंगल का वक्री होना शुभ तो रहेगा किंतु आपके स्वभाव में उग्रता लाएगा। अपनी कठोर वाणी से आसपास के लोगों को शत्रु बना सकते हैं इस पर नियंत्रण रखें। आर्थिक पक्ष मजबूत होगा। महंगी वस्तु का क्रय करेंगे। मकान-वाहन खरीदने का संकल्प भी पूर्ण हो सकता है। विद्यार्थियों अथवा प्रतियोगिता में बैठने वाले छात्रों के लिए गोचर और अनुकूल रहेगा। यात्रा सावधानीपूर्वक करें, वाहन दुर्घटना से बचें।।
▪ श्रीमति प्रीति अय्यर.
(आध्यात्मिक प्रवक्ता-ज्योतिष) ☎️9691568781

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *