दो ही दिन में सोशल डिस्टेंसिंग भूल लोग, बाजारों भीड़ से संक्रमण का खतरा

लॉकडाउन फेज-5 में हुए अनलॉक में जो तस्वीरे सामने आ रही हैं वे हैरान करने वाली हैं। बाजारों में भीड़-भाड़ बढ़ने के साथ सुरक्षा की अनदेखी चरम पर पहुंच गई है। लोगों ने अपनी जान की चिंता है ना दूसरों की। पूरे प्रदेश में यही हालात हैं। जबकि राज्य सरकार जून-जुलाई में कोरोना संक्रमित मरीजों की संख्या चरम पर होने की आशंका जता चुकी है। प्रदेश में बीते 24 घंटों के दौरान 137 नए मरीज मिलने के बाद कुल संक्रमितों की संख्या बढ़कर 8420 तक पहुंच गई है। मंगलवार को 6 लोगों की मौत हो गई। मृतकों को आंकड़ा बढ़कर 364 हो गया। वहीं, अब तक इस बीमारी से 5221 मरीज स्वस्थ हुए हैं।

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने अनलॉक 1.0 में दुकानें खुलने पर सावधानी रखने के निर्देश देते हुए कहा है कि बाजार खुलने पर आवाजाही बढ़ेगी, सभी कलेक्टर केंद्र की गाइडलाइन का पूरी तरह पालन कराएं। मुख्यमंत्री ने कोरोना की स्थिति की समीक्षा करते हुए कहा कि सभी दुकानदार, नागरिक और नगर निगम सहित संबंधित सरकारी विभाग विशेष ध्यान रखें। सार्वजनिक क्षेत्रों में फेस मास्क व सोशल डिस्टेंसिंग अनिवार्य है। सभी दुकानों में हैंड सैनिटाइजर व साबुन से हाथ धोने की व्यवस्था उपलब्ध करवाई जाए।

आवाजाही को लेकर सारे प्रतिबंध हटने के साथ ही काेरोना संक्रमितों की संख्या में एकदम से इजाफा होना शुरू हो गया है। मंगलवार को अंचल में एक ही दिन में सबसे ज्यादा 37 मरीज मिले है। इनमें से 27 ग्वालियर के हैं। श्योपुर में 5, भिंड में 3 और मुरैना में 2 पाॅजिटिव मिले। सबसे ज्यादा मरीज अब ग्वालियर के बंशीपुरा और हाथीखाना क्षेत्र में मिले हैं। इनमें से 21 मरीज एक ही परिवार के हैं। इनमें इंद्रजीत दूध बेचने का काम करता है। अब यहां संक्रमितों की संख्या 185 हो गई। इनमें से 2 मरीजों की मौत हो चुकी है। 80 मरीज डिस्चार्ज होकर घर जा चुके हैं। नीमच जिले में भी 24 नए पॉजिटिव मिले। एक वनकर्मी की भीलवाड़ा में मौत हो गई। सागर में 9 मरीज मिले हैं और एक की मौत हो गई है। खरगोन में 3 नए संक्रमित मिले हैं। जबलपुर अाैर देवास में 6-6 और उज्जैन में 2 नए मरीज मिले हैं।

नंगे पैर घूम जनता का मूड भांप रहे सिंधिया समर्थक तोमर, शिवराज कैबिनेट में मिल सकती है जगह

ग्वालियर 
पूर्व खाद्य आपूर्ति मंत्री प्रद्युमन सिंह तो अपने अंदाज को लेकर हमेशा सुर्खियों में रहते हैं। ज्योतिरादित्य सिंधिया के साथ कांग्रेस से इस्तीफा देकर तोमर ने भी बीजेपी की सदस्यता ग्रहण की है। अब उन्हें उपचुनाव में जाना है। साथ ही उम्मीद है कि शिवराज कैबिनेट में भी तोमर को जगह मिलेगी। उपचुनाव से पहले तोमर जनता का मूड भांपने के लिए चिलचिलाती धूप में खाली पैर ही मैदान में उतर गए हैं।

ग्वालियर में अधिकतम तापमान पिछले कई दिनों से 44 डिग्री सेल्सियस से ज्यादा ही है। लेकिन पूर्व मंत्री तोमर पिछले कई दिनों से तपती सड़क पर खाली पैर ही लोगों का हाल जानने जा रहे हैं। भीषण गर्मी में ग्वालियर के कई इलाकों में लोग पानी की किल्लत से जूझ रहे हैं। तोमर नगर निगम के जरिए लोगों तक मदद पहुंचवा रहे हैं। ऐसे में अब उनकी तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल है। 

शिवराज कैबिनेट में मिल सकती है जांच 
प्रद्युमन सिंह तोमर, कमलनाथ की सरकार में खाद्य आपूर्ति मंत्री थे। ज्योतिरादित्य सिंधिया के खास लोगों में इनकी गिनती होती है। सिंधिया के प्रति तोमर इतने वफादार हैं कि उनके आने पर चरण छूकर आशीर्वाद लेते हैं। ऐसे में उम्मीद है कि प्रद्युमन सिंह तोमर को शिवराज कैबिनेट में जगह मिल सकती है। लेकिन तोमर के लिए बड़ी चुनौती पहले उपचुनाव जीतना है। 
मुझे भी एहसास हो 
तोमर ग्वालियर में कई दिनों से खाली पैर घूम रहे हैं। तपती सड़क पर वह अपने समर्थकों के साथ गली-मोहल्लों में खाली पैर ही जा रहे हैं। उन्होंने कुछ तस्वीर को शेयर करते हुए लिखा है कि इस भीषण गर्मी में जनता पानी के लिए परेशान है, तो परेशानी का एहसास मुझे भी होना चाहिए। 

खाली पैर ही लेंगे शपथ 
प्रद्युमन मंत्री रहते हुए ग्वालियर में नाले, नालियों और शौचालय की सफाई करने खुद ही उतर जाते थे। उस वक्त भी उनकी चर्चा खूब होती थी। इस बार उनका यह नया रूप देख लोग अचंभित हैं। तोमर का कहना है कि राजभवन में मंत्री पद की शपथ लेने भी ऐसे ही जाऊंगा। ताकि हर जगह लोगों को जनता की परेशानियों का प्रदर्शन हर जगह होना चाहिए। 

अब देखना होगा कि तोमर वाकई जनता की परेशानियों को लेकर ऐसा कर रहे हैं। या फिर वह उपचुनाव जीतने के लिए जतन कर रहे हैं। यह तक उपचुनाव के नतीजे ही तय करेंगे। लेकिन कोरोना काल में प्रद्युमन सिंह तोमर लोगों की समस्या को लेकर तत्पर दिख रहे हैं।

एक्शन में प्रधान सिंह तोमर तोमर

ज्योतिरादित्य सिंधिया समर्थक पूर्व मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर अचानक अपनी विधानसभा क्षेत्र में पानी की समस्या का निरीक्षण करने पहुंच गए। उन्होंनेकलेक्टर और निगमायुक्त सहित पेयजल सप्लाई से संबंधित अफसरों को मौके पर तलब किया और साफ शब्दों में कहा कि गर्मी बढ़ गई है, क्षेत्र में पानी की शिकायत मिली तो ठीक नहीं होगा।

अधिकारियों को तलब किया
ग्वालियर विधानसभा क्षेत्र के पूर्व विधायक एवं पूर्व मंत्री सिंधिया-समर्थक नेता प्रद्युम्न सिंह तोमर हमेशा की तरह एक्शन मोड में हैं। बुधवार को आधी रात वे अचानक अपनी विधानसभा के हजीरा, इंद्रा नगर, नूरगंज आदि क्षेत्रों में पेयजल समस्या का निरीक्षण करने पहुंचे। उन्होंने मौके पर ही कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह, नगर निगम आयुक्त संदीप माकिन, पीएचई के अधीक्षण यंत्री आरएलएस मौर्य, कार्यपालन यंत्री आरके शुक्ला, जागेश श्रीवास्तव, एई विष्णु पाल सहित अन्य अधिकारियों को तलब किया।

अधीक्षण यंत्री को फटकार
पूर्व मंत्री ने कहा कि गर्मी तेज हो गई है और पीले गंदे पानी की शिकायतें मिलने लगी हैं। उन्होंने कहा कि क्षेत्र के एई विष्णु पाल लोगों की समस्या नहीं सुनते। लोगों को नई लाइन में कनेक्शन नहीं मिल रहा है। कई जगह लाइन टूटी हुई है जिससे सप्लाई घरों तक नहीं पहुंच रही। शिकायत सुनने के बाद निगम आयुक्त ने एई विष्णु पाल को फटकार लगाते हुए हजीरा क्षेत्र की सप्लाई से हटा दिया और क्षेत्र की पेयजल सप्लाई की जिम्मेदारी अधीक्षण यंत्री मौर्य को दे दी।

अफसरों ने दिलाया भरोसा
तोमर ने अधिकारियों को साफ शब्दों में चेतावनी दी कि वे पेयजल सप्लाई को चेक करने आधी रात से लेकर सुबह तक रहेंगे। कहीं से भी शिकायत आई तो ठीक नहीं होगा। पूर्व मंत्री के तेवर देख कर कलेक्टर और आयुक्त ने भरोसा दिलाया कि जो भी कमियां हैं, उन्हें समय रहते ठीक कर लिया जाएगा।

Weather Alert: निसर्ग तूफान को लेकर MP में अलर्ट जारी, इन जिलों में भारी आंधी-बारिश की आशंका

इंदौर में मंगलवार सुबह से ही गरज-चमक के साथ बारिश और तेज हवाएं चल रहीं हैं, जिससे मौसम पूरी तरह बदल गया है. (सांकेतिक फोटो)
इंदौर. कोविड-19 महामारी से जूझ रही इंदौर (Indore) पर अब चक्रवाती तूफान निसर्ग (Cyclone Storm Nisarg ) का खतरा मंडराने लगा है. पूर्वी अरब सागर से उठा ये डीप डिप्रेशन चक्रवाती तूफान बुधवार को महाराष्ट्र और गुजरात (Gujarat) के तटीय इलाकों होते हुए इंदौर संभाग में प्रवेश करेगा, जिसकी रफ्तार 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे हो सकती है. तूफान के मद्देनजर मध्य प्रदेश में अलर्ट जारी कर दिया गया है. खुद मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान (Chief Minister Shivraj Singh Chauhan) ने भी ट्वीट कर लोगों से सुरक्षित रहने की अपील की है. सीएम शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि निसर्ग का खतरा मध्य प्रदेश पर मंडरा रहा है. ऐसे में आप सब जागरूक और सतर्क रहें. अपना और अपनों का हरसंभव ध्यान रखें. सभी सुरक्षित रहें ईश्वर से यही प्रार्थना है.

मौसम केंद्र के वैज्ञानिक संजय कुमार शर्मा के मुताबिक, गुजरात और महाराष्ट्र के तटीय इलाकों से होते हुए निसर्ग तूफान मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) में पहुंचेगा. इस तूफान का असर 5 जून तक रहेगा. उन्होंने कहा कि 3, 4 और 5 जून को इंदौर, उज्जैन संभाग के 15 जिलों के अलावा भोपाल में भी भारी बारिश हो सकती है. कुछ जगहों पर 50 से 60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं भी चलने की संभावनाएं हैं. ऐसे में लोगों से अपील की जा रही है कि वे पेड़ों के नीचे खड़े न हो और अपने जानवरों को भी सुरक्षित स्थानों पर रखे जिससे किसी तरह के जानमाल का नुकसान न हो सके.

बड़वानी-खरगोन के रास्ते प्रदेश में दाखिल होगा निसर्ग

राजधानी भोपाल के मौसम विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक वेदप्रकाश सिंह के मुताबिक, पूर्वी अरब सागर में बना निसर्ग तूफान बुधवार सुबह से तीव्र चक्रवाती तूफान में बदलकर उत्तर दिशा की ओर बढ़ गया है. इस तूफान के उत्तरी महाराष्ट्र के तट से टकराने के बाद गहरे निम्न दाब क्षेत्र में तब्दील होने की आशंका जताई जा रही है. और उसके बाद ये बड़वानी और खरगोन जिले के रास्ते इंदौर समेत पश्चिम मध्य प्रदेश के अन्य हिस्सों में प्रवेश करेगा. तूफान के कारण बुधवार शाम से इंदौर, होशंगाबाद और उज्जैन संभागों में भारी बारिश होगी जो गुरुवार तक जारी रहेगी. इस दौरान हवा की गति 50 से 60 किमी प्रति घंटा रहने की संभावना है.

10 डिग्री नीचे गिरा दिन का तापमान

इंदौर में मंगलवार सुबह से ही गरज-चमक के साथ बारिश और तेज हवाएं चल रहीं हैं, जिससे मौसम पूरी तरह बदल गया है. इसकी वजह से शहर के दिन के तापमान में अचानक 10 डिग्री की गिरावट दर्ज की गई है. अभी भी शहर में 20 से 25 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से ठंडी हवाएं चल रहीं हैं. वहीं, आसमान में बादल छाए हुए हैं जिससे इंदौर में दिन का तापमान 20 डिग्री पर पहुंच गया है. हवा में 65 प्रतिशत नमी दर्ज की गई है.

CAA-NRC के खिलाफ फिर धरना शुरू होने की खबर से हड़कंप, शाहीन बाग व जामिया समेत कई इलाकों में पुलिस तैनात

नई दिल्ली : लॉकडाउन में ढील मिलते ही दक्षिण दिल्ली के शाहीन बाग में राष्ट्रीय नागरिकता रजिस्टर और नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ फिर से धरना शुरू  करने की तैयारी तेज हो गई है। वहीं, गुपचुप तरीके से धरना-प्रदर्शन शुरू करने की सूचना मिलते ही पहुंची पुलिस ने भी मोर्चा संभाल लिया है। यहां पर फिलहाल तकरीबन 100 पुलिसवालों ने मोर्चा संभाल लिया है। 

जामिया इलाके में भी पुलिस बल तैनात

दिल्ली पुलिस ने कोई जोखिम नहीं लेते हुए शाहीन बाग के साथ-साथ जामिया इलाके में संभावित धरने के मद्देनजर पुलिस के जवानों को तैनात कर दिया गया है। यहां पर कड़ी निगरानी की जा रही थी। खुफिया विभाग को भी सक्रिय कर दिया गया है। मिली जानकारी के मुताबिक, जामिया मिल्लिया इस्लामिया के गेट नंबर 7 और सुखदेव विहार मेट्रो स्टेशन के नीचे भी भारी संख्या में पुलिस तैनात कर दी गई है। होली फैमिली हॉस्पिटल वाले कट पर भी पुलिस तैनात है।

उत्तर पूर्वी दिल्ली के जाफराबाद इलाके में भी बढ़ी सुरक्षा

दिल्ली के शाहीन बाग और जामिया के साथ उत्तर पूर्वी दिल्ली के जाफराबाद इलाके में भी सुरक्षा बढ़ा दी गई है।जाफराबाद के धरना स्थल पर भी केंद्रीय रिज़र्व पुलिस की महिला विंग तैनात की गई है।

सीमित संख्या में शाहीन बाग में जुट रहे लोग

मिली जानकारी के मुताबिक, पिछले कुछ दिनों से शाहीन बाग में बेहद सीमित संख्या में लोग जुट रहे हैं। इस दौरान वह मीटिंग भी कर रहे हैं, लेकिन फिलहाल सड़क पर नहीं बैठे हैं। 

पुलिस नहीं देना चाहती कोई मौका

लॉक डाउन खुलने के बाद शाहीन बाग में बुधवार को फिर से सीएए और एनआरसी के विरोध में धरना शुरू होने की सूचना पर दिल्ली पुलिस भी सकते में आ गई। फिलहाल यहां पर तकरीबन 100 पुलिसकर्मी तैनात हैं और यहां पर चल रही प्रत्येक गतिविधि पर निगाह रखी जा रही है।

सोशल मीडिया के जरिये धरना शुरू करने की थी योजना

बताया जा रहा है कि पिछले तीन-चार दिनों से सोशल मीडिया पर धरना फिर से शुरू करने के बाबत मैसेज भेजे जा रहे थे। इतना ही नहीं व्हाट्सऐप ग्रुप में भी इस तरह का मैसेज चलाया जा रहा है कि लॉकडाउन खत्म होने के बाद फिर से शाहीन बाग में NRC और CAA के खिलाफ धरना-प्रदर्शन शुरू किया जाए।

4-5 दिन से गुपचुप चल रही थी मीटिंग

सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, 4-5 दिनों से कुछ लोग बैठक कर धरना करने के बाबत जायजा ले रहे थे। इस दौरान धरना दोबारा शुरू करने पर बात हो रही थी।

नमकीन कारोबारी के परिवार की चूक /सगाई में शामिल हुए वर-वधू पक्ष के 30 में से 24 निकले संक्रमित, मुरार का बंशीपुरा और हाथीखाना काेराेना का नया हाॅट स्पाॅट

ग्वालियर. मुरार के बंशीपुरा और हाथीखाना माेहल्ले काेराेना का नया हाॅटस्पाॅट बन गए है। पिछले तीन दिन में इन दाे माेहल्लाें में काेराेना के 24 नए मरीज मिलने से हड़कंप मच गया है। शुरूआत दिल्ली से 25 मई को लाैटे दिनेश राठौर से हुई। दिनेश की रिपोर्ट पॉजिटिव आई लेकिन उसने इससे चार दिन पहले 26 मई को अपने बेटे मोनू की सगाई की।

इस समारोह में दिनेश के परिवार के 25 लोग और वधु पक्ष के पांच लोगों ने शिरकत की। 27 मई को दिनेश ने अपना सैंपल दिया और 30 मई को दिनेश में कोरोना संक्रमण की पुष्टि हुई, लेकिन दिनेश के परिवार के लाेगाें ने किसी तरह की एहतियात नहीं बरती। दिनेश का एक भाई इंद्रजीत घर-घर दूध बांटता रहा। दाे भाई आटा चक्की चलाते रहे और दो भतीजों ने यात्रियों को लेकर अपने ऑटो दौड़ाए। दिनेश के भाई इंद्रजीत के साथ उनके यहां सगाई में शामिल हुए कमलेश और विकास ने 31 मई को सैंपल दिया था, जिनकी रिपोर्ट 1 जून को पॉजिटिव आई। साेमवार काे इंद्रजीत सिंह सहित सगाई में शामिल हुए लोगों ने भी सैंपल दिए। मंगलवार को इनमें से इंद्रजीत सहित 21 लोग कोरोना संक्रमित पाए गए। इस तरह दिनेश के यहां सगाई में शामिल हुए 30 से 24 लोग कोरोना पॉजिटिव पाए गए हैं।

कौन-काैन क्या करता है और संक्रमण बढ़ने का खतरा क्याें

दिनेश राठाैर: दिल्ली में नमकीन का काराेबार करता है। 25 मई को ग्वालियर लौटा और 30 काे वह संक्रमित पाया गया।इंद्रजीत राठाैर: दिनेश का भाई, जाे किलागेट क्षेत्र में घर-घर दूध बांटता है। 1 जून की सुबह तक इंद्रजीत ने घराें पर दूध दिया। इस दाैरान वह कितने लाेगाें के संपर्क में आया, यह ढूूंढ़ना मुश्किल हाेगा।धर्मेंद्र और कमलेश राठाैर: दाेनाें दिनेश के भाई हैं। धर्मेंद्र बंशीपुरा और कमलेश बड़ागांव में आटा चक्की चलाता है। रिपाेर्ट से पहले तक ये दाेनाें आटा चक्की पर लाेगाें से मिलते रहे। दाेनाें ने कितने लोगाें का गेहूं पीसा या कितनाें काे आटा बेचा, यह पता करना चुनाैती है।रामकेश और रामनरेश राठाैर: दिनेश के भतीजे, दाेनाें ऑटो चलाते हैं। इन्हाेंने इस दाैरान कितने यात्रियाें से संपर्क कायम किया, ये कहना मुश्किल है। हालांकि दाेनाें ने ऑटाे चलाने से इनकार किया है।

सगाई में शामिल हाेने के साथ खाना खाया इसलिए हाे गए संक्रमित
बंशीपुरा और हाथी खाना के रहने वाले निवासी मिथलेश, सुशीला, धकेली बाई, आरती राठौर, मोहिनी, लक्ष्मी, रोहित, नीतेश, आरती, कशिश, लाली, आकाश, विकास, विकास राठाैर, ममता, धर्मेंद्र, बाबूलाल और सारथी, सभी दिनेश के बेटे की सगाई में शामिल हुए थे। इंद्रजीत के बेटे रामनरेश का कहना है कि चाचा दिनेश दिल्ली से आए थे। कुछ और लोग दिल्ली से सगाई में आए थे। सभी ने सगाई में खाना भी खाया था। चाचा और पिता के पॉजिटिव निकलने के बाद हमने सैंपल कराए ताे हम लोग भी पॉजिटिव निकले हैं। संक्रमिताें में तीन लाेग वधु पक्ष के बताए जा रहे हैं।

बाहर से आया वायरस…संक्रमित मिले ये सभी लाेग दूसरे शहरों से लाैटे

माधौगंज की रहने वाली रोशनी 1 जून को मां और भाई के साथ दिल्ली से लौटी थी।मुड़कटी माता मंदिर समाधिया कॉलोनी में रहने वाले कोमल सिंह 16 मई को अपने गांव बामौर से आया था।तारागंज निवासी शीला अपने पति की दवा लेने अहमदाबाद गई थीं और वहां से वापस लाैटी है। शीला के घर में तीन सदस्य हैं।नागदेव मंदिर के पास रहने वाले ऊषा गुप्ता का भाई डबरा निवासी संतोष गुप्ता पिछले दिनों कोरोना पॉजिटिव पाया गया था जो दो दिन पहले ही सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल से डिस्चार्ज हुए थे।तारागंज में रहने वाले दानिश, मां शबाना के साथ 24 मई को फिरोजाबाद से लौटा है। दानिश की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। वह फिरोजाबाद ननिहाल में शादी समाराेह में शामिल होने गया था।कंपू में रहने वाले एक डॉक्टर के बड़े भाई आरजी गुप्ता 1 जून को झांसी से आए थे। वह भी पॉजिटिव पाए गए हैं।

कोरोना में थोड़ी सी उलझी भारतीय सेना, तो चीन ने लद्दाख में चल डाली करगिल जैसी चाल

नई दिल्ली 
लद्दाख में चीन ने अपने सदाबहार दोस्त पाकिस्तान की तरह चालबाजी की है। दरअसल, सेना के कुछ जवानों के कोरोना संक्रमित होने के बाद भारत ने वास्तविक नियंत्रण रेखा (LAC) के करीब मार्च के शुरू में होने वाले अपने अभ्यास को कुछ समय के लिए टाल दिया था। इसी का फायदा उठाते हुए चीनी सेना ने रणनीतिक दृष्टि से अहम भारतीय सेना के पेट्रोलिंग वाले इलाके में आगे बढ़ते हुए वहां अपनी पोजीशन मजबूत कर ली। इसके बाद से दोनों देशों के बीच तनाव चरम पर है। 
सरकारी सूत्रों ने हमारे सहयोगी अखबार इकनॉमिक टाइम्स को बताया कि सेना और भारतीय तिब्बत सीमा पुलिस का सब सेक्टर नॉर्थ (SSN) में मार्च में होने वाला अभ्यास सेना के कुछ जवानों के कोरोना पॉजिटिव पाए जाने के बाद टाल दिया था। यह अभ्यास जवाबी अभ्यास होता है और इसमें हिमाचल बेस के जवान शामिल होते हैं। 

कोरोना के कारण भारतीय सेना अभ्यास रोका था 
मार्च के दूसरे सप्ताह में एक जवान कोरोना संक्रमित पाया गया था इसके बाद कई तरह के ऐहतियाती कदम उठाए गए थे। इसमें सुरक्षाबलों के जमावड़े पर रोक लगा दी गई थी। अधिकारियों ने बताया कि कोरोना महामारी को फैलने से रोकने के लिए लद्दाख में किया जाने वाला अभ्यास को भी स्थगित करने का फैसला इसमें शामिल था। 

चीन का 1962 की तरह भारत को धोखा 

सैटलाइट तस्वीरों के हवाले से सरकारी सूत्रों ने बताया कि चीनी सैनिक भारतीय सेना के पेट्रोलिंग वाले इलाकों पोजीशन बना ली है और कुछ रणनीतिक दृष्टि से अहम क्षेत्र में भी आ गए हैं। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने पहले बताया था कि भारत चीन के साथ इस मसले को सुलझाने की कोशिश कर रहा है। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भी एक इंटरव्यू में कहा था कि चीन ने सीमा पर सेनाएं बढ़ाई हैं और मसले को सुलझाने के लिए बातचीत चल रही है। 

टैक्सी- टेम्पो शुरू; दुकान पर पांच से ज्यादा लोग तो कार्रवाई

ग्वालियर. अनलॉक-1 के पहले दिन यानी साेमवार काे  बाजाराें में खूब भीड़ उमड़ी। सुबह से शाम तक चाैराहाें पर जाम की स्थिति, जबकि प्रमुख बाजाराें में लाेगाें की आवाजाही बनी रही। इससे काेराेना की स्थिति बिगड़ने की आशंका बनती देख जिला प्रशासन ने शाम काे संशाेधित आदेश जारी किया। इसके मुताबिक अब चाैराहाें, सड़क के साथ-साथ दुकानाें पर भी पांच से ज्यादा लाेगाें के जुटने पर पाबंदी रहेगी।

यदि किसी दुकान पर भीड़ दिखती है ताे संबंधित के खिलाफ कार्रवाई की जा सकेगी। इसके अलावा शहर में अब ऑटाे, टैक्सी, ई-रिक्शा चलाने की अनुमति दे दी गई है। ऐसे व्यापारी, जिनकी दुकानें अब तक बंद थीं, उनके लिए दुकान खोलने के दिन तय कर दिए गए हैं। प्रदेश में 30 जून तक लाॅकडाउन जारी रहेगा। धारा 144 के संशाेधित आदेश की 7 जून काे समीक्षा की जाएगी।प्रदेश में कोरोना स्थिति की समीक्षा के दौरान सोमवार को मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि जो भी दुकानदार गाइडलाइन का उल्लंघन करेंगे, उनकी दुकानें सील की जाएंगी। दुकानदार खुद सजग रहें और ग्राहक को सजग रखें। मास्क, सैनेटाइजेशन, सोशल डिस्टेंसिंग बहुत जरूरी है। इसका ध्यान रखें। उन्होंने बताया कि मप्र का रिकवरी रेट 60.4% है, जो देश में दूसरे क्रम पर है। टोल फ्री नंबर 104 से कोरोना ई-परामर्श सेवा को भी जोड़ा गया है। इसका उपयोग बढ़ाने पर ध्यान दिया जाएगा। प्रदेश में टेलीमेडिसीन सेवा को लोकप्रिय बनाया जाएगा।

नरेंद्र सिंह तोमर के ताजा बयान से सिंधिया समर्थकों में बेचेनी….

ग्वालियर
मध्यप्रदेश की राजनीति के केंद्र बिंदु में सिंधिया हमेशा बने रहते हैं। चर्चा यह भी है कि बीजेपी में परिस्थितियां ज्योतिरादित्य सिंधिया के अनुकूल नहीं हैं। इस बीच केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर का एक बड़ा बयान आया है। उन्होंने सिंधिया के सवाल पर कहा है कि बीजेपी बहुत बड़ी पार्टी है, हर किसी को पचाने में सक्षम है।
दरअसल, कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर मंगलवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए ग्वालियर के पत्रकारों से बात कर रहे थे। एक स्थानीय अखबार के पत्रकार ने ग्वालियर में गुटबाजी को लेकर सवाल किया था। उस पर नरेंद्र सिंह तोमर ने बहुत ही सधे हुए अंदाज में कहा कि बीजेपी बहुत बड़ी पार्टी है, यह हर किसी को पचाने में सक्षम है।

ज्योतिरादित्य सिंधिया भी ग्वालियर-चंबल संभाग से आते हैं। इस क्षेत्र से बीजेपी के कई दिग्गज नेता हैं, जिनका इस इलाके में अपना अलग प्रभुत्व है। सिंधिया के आने के बाद इन नेताओं को लगता है कि उनका कद घटा है। पिछले दिनों ग्वालियर में ज्योतिरादित्य सिंधिया के लापता होने के पोस्टर लगे थे। इस दौरान नरेंद्र सिंह तोमर भी ग्वालियर दौरे पर थे। उनसे सवाल किया गया था कि सिंधिया के पोस्टर लगे हैं। इस पर नरेंद्र सिंह तोमर ने मजकिया ही लहजे में कहा था कि ज्योतिरादित्य सिंधिया कोई जनप्रतिनिधि थोड़े ही न हैं।
सिंधिया के लोगों को लगी थी मिर्ची
तोमर के इस बयान से सिंधिया समर्थकों को मिर्ची लगी थी। हालांकि खुल कर तो किसी ने तोमर पर बयान नहीं दिया। लेकिन दबी जुबान में सिंधिया समर्थकों ने यह जरूर कहा था कि ज्योतिरादित्य का कद जनप्रतिनिधि से बड़ा है। वहीं, इससे पहले तोमर के समर्थकों ने ग्वालियर नगर अध्यक्ष के नियुक्ति का भी विरोध किया था।
सियासत में सब कुछ सीधी जुबान से नहीं कहीं जाती है। समझदार के लिए इशारा ही काफी होता है। एमपी में सरकार गठन को लेकर भले ही नरेंद्र सिंह तोमर के आवास पर जाकर सिंधिया ने खूब माथापच्ची की है। लेकिन अब तोमर के बयान उनके समर्थकों को चूभ रही है। क्योंकि नरेंद्र सिंह तोमर ग्वालियर-चंबल संभाग में बीजेपी के सबसे बड़े चेहरे थे।

Coronavirus: देश में दो लाख के पार पहुंचे संक्रमण के मामले, पिछले 24 घंटों में 8909 नए केस सामने आए

पिछले 24 घंटों में 8909 नए मामले सामने आए हैं. वहीं 217 लोगों की मौत हुई है.

अबतक दो लाख 7 हजार 615 मामले सामने आ चुके हैं. वहीं 5815 लोगों की मौत हो चुकी है. एक लाख 303 लोग ठीक भी हुये हैं.

नई दिल्ली: देश में जानलेवा कोरोना वायरस के मामले आज दो लाख के पार पहुंच गए हैं. पिछले 24 घंटों में 8909 नए मामले सामने आए हैं. वहीं 217 लोगों की मौत हुई है. स्वास्थ्य मंत्रालय के ताजा आंकड़ों के मुताबिक, अबतक दो लाख 7 हजार 615 मामले सामने आ चुके हैं. वहीं 5815लोगों की मौत हो चुकी है. एक लाख 303 लोग ठीक भी हुए हैं. महाराष्ट्र, तमिलनाडु, दिल्ली, गुजरात, राजस्थान और मध्य प्रदेश सबसे ज्यादा संक्रमित राज्य हैं.