स्वच्छता सर्वे- 2020 /ग्वालियर को केवल एक स्टार ,इंदौर की रेटिंग भी गिरी

तीन बार सफाई में नंबर वन का अवॉर्ड जीतने वाले इंदौर को इस बार 7 स्टार रेटिंग में 5 स्टार मिले हैं। इसके साथ ही इंदौर 5 स्टार पाने वाले टॉप -6 शहरों में शामिल हो गया है। मंगलवार दोपहर दिल्ली से जारी रिपोर्ट में मध्य प्रदेश का सिर्फ इंदौर ही इस लिस्ट में अपना स्थान बना पाया है। लॉकडाउन के बाद सबसे स्वच्छ शहरों की लिस्ट जारी होगी, इसमें इंदौर के पास चौका लगाने का अच्छा मौका है। हालांकि ग्वालियर को केवल एक स्टार रेटिंग से ही संतोष करना पड़ा है।

हालांकि, इंदौर ने इस बार सेवन स्टार रेटिंग लाने के लिए काफी मेहनत की थी। पिछले साल 5 स्टार रेटिंग में केवल 3 शहर ही अपना स्थान बना पाए थे। इस बार 5 स्टार रेटिंग वाले शहरों में छत्तीसगढ़ का अंबिकापुर, कर्नाटक का मैसूर, महाराष्ट्र का नवी मुंबई और गुजरात के दो शहर राजकोट और सूरत शामिल हैं।

वन स्टार रेटिंग में खंडवा और महेश्वर शामिल

केंद्रीय शहरी विकास मंत्रालय ने मंगलवार काे नई दिल्ली में स्टार रेटिंग के परिणाम घोषित किए। कोरोना संकट से जूझ रहे शहर के लिए रेटिंग उम्मीदाें के मुताबिक ताे नहीं रही, क्याेंकि इस बार शहर काे सेवन स्टार की उम्मीद थी, लेकिन पिछले साल की तरह की इस बार भी 5 स्टार से ही संताेष करना पड़ा। वहीं, एक स्टार रेटिंग में ग्वालियर, खंडवा, महेश्वर, सरदारपुर, हातोद, बंधनवार और शाहगंज ने अपना स्थान पक्का किया है।

श्रीनगर में सेना ने एक आतंकी मार गिराया; दूसरा आतंकी अब भी छिपा,

श्रीनगर. यहां सोमवार रात 2 बजे से सुरक्षाबलों का आतंकियों के साथ एनकाउंटर जारी है। एक आतंकी मारा गया है। सूत्रों के मुताबिक, श्रीनगर के डाउनटाउन में हिजबुल मुजाहिदीन के 2 आतंकी छिपे थे, जिनमें से एक अलगाववादी संगठन हुर्रियत कॉन्फ्रेंस के प्रमुख मोहम्मद अशरफ सहराई का बेटा जुनैद भी हो सकता है। जानकारी के मुताबिक, 29 साल का जुनैद अपने साथी के साथ बीती रात घनी आबादी वाले नवाकदल में फंस गया था। पुलिस को टेक्निकल इंटेलिजेंस के जरिए उसकी मौजूदगी को लेकर पुख्ता जानकारी मिली थी। दो साल बाद ये पहला मौका है, जब श्रीनगर में इस तरह की मुठभेड़ हुई है। इससे पहले करन नगर में एक एनकाउंटर हुआ था।

रात 2 बजे पुलिस ने घेराबंदी कर सर्च ऑपरेशन चलाया था। एक घंटे बाद छिपे हुए आतंकियों ने सुरक्षाबलों पर ग्रेनेड फेंका जिसके बाद मुठभेड़ शुरू हो गई। ग्रेनेड ब्लास्ट हो गया, जिसमें दो पुलिसवाले और एक सीआरपीएफ जवान घायल हो गया।

घाटी में इंटरनेट बंद
हालात पर काबू रखने के लिए श्रीनगर में बीएसएनएल के अलावा सभी फोन और मोबाइल इंटरनेट बंद कर दिए गए हैं। अभी दो हफ्ते पहले 6 मई को ही सुरक्षाबलों ने पुलवामा में हिजबुल के कश्मीर कमांडर रियाज नायकू को मार गिराया था। सहराई नायकू के बाद बने नए कमांडर डॉक्टर सैफुल्लाह का डिप्टी चीफ है।

कश्मीर जोन पुलिस का ट्वीटः
कश्मीर जोन पुलिस ने ट्वीट किया, ‘श्रीनगर के कानेमजार नवाकदल इलाके में एनकाउंटर शुरू हुआ है। जम्मू-कश्मीर पुलिस और सीआरपीएफ अपना काम कर रहे हैं। आगे की जानकारी दी जाएगी।’

शिवपुरी में उत्तर प्रदेश से लगी सीमा पर मजदूरों का हंगामा

शिवपुरी जिले में दिनारा के निकट उत्तर प्रदेश सीमा पर बस न मिलने से बिफरे मजदूरों ने सड़क पर जाम लगा दिया। मध्य प्रदेश में कोरोना पॉजिटिव मरीजों की संख्या 5340 के ऊपर पहुंच गई है। यहां अब तक इससे 220 लोगों की मौत हो चुकी है और 2570 मरीज स्वस्थ होकर लौट चुके हैं।

शिवपुरी जिले में दिनारा के निकट उत्तर प्रदेश सीमा पर बस न मिलने से बिफरे मजदूरों ने सड़क पर जाम लगा दिया। उन्होंने पत्थर रखकर गुस्सा जाहिर किया। बीते कुछ दिनों से हर रात से सीमा पर प्रवेश रोकने से यही हालात बन रहे हैं। मंगलवार सुबह जब बॉर्डर पर लोगों को बस उपलब्ध नहीं करवाई तो आक्रोशित लोगों की भारी भीड़ ने जाम लगा दिया।

यू पी का गरीबों का गेहूं मध्यप्रदेश के सरकारी उपार्जन केंद्रों पर तुल रहा और किसान इंतजार.

कोरोना महामारी के चलते उत्तर प्रदेश की गरीब जनता को बांटने के लिए भेजा गया गेहूं बंटने की बजाय दूसरे प्रदेशों में बेचा जा रहा है। एक ओर देश में जारी कोरोना लॉकडाउन के बीच गरीब, मजदूर और जरूरतमंद देश के अलग-अलग हिस्सों में दाने-दाने के लिए तरस रहे हैं, लेकिन ऐसी मुश्किल घड़ी में भी जमाखोर ,काला बाजारी और अधिकारी घोटाले की अपनी आदत से बाज नहीं आ रहे हैं। उप्र के कोविड19 में गरीबों को मुफ्त वितरित हो रहे गेंहू के घोटाले का बड़ा मामला सागर में उजागर हुआ है। मामले में नौ लोगों के खिलाफ विधिवत एफआईआर हो चुकी है। पांच ट्रकों और तीन ट्रालियों में लदा कुल 959 बोरा गेंहू अब तक पकड़ा जा चुका है। दो ट्रक गेहूं खाली होकर ट्रैक्टर-ट्रॉली से मंडी प्रांगण तक पहुंच भी गया था।  ट्रकों पर “कोविड-19 राहत” के पर्चे चिपके हैं और बोरों पर एफसीआई की मुहर लगी है।

आश्चर्यजनक बात यह है कि सभी ट्रकों पर कोविड-19 रसद आपूर्ति ललितपुर लिखा है। बावजूद इसके उत्तर प्रदेश से मध्य प्रदेश की सीमा में बिना रोक-टोक कैसे आ गया? यह भी जांच का विषय है। यह सागर और ललितपुर प्रशासन दोनों पर बड़ा सवालिया निशान खड़ा कर रहा है। वहीं स्थानीय लोगों का दावा है कि यह मामला सिर्फ आज का नहीं है बल्कि यह सिलसिला विगत 10 दिनों से निरंतर जारी है।

यह सारा गेंहू उप्र के सीमावर्ती ललितपुर जिले से मध्यप्रदेश के सागर जिले में लाकर यहां के सीहोरा सहकारी समर्थन मूल्य खरीदी केंद्र, उपकेंद्र भैंसा और उपकेंद्र भापेल में तौलवाये जाने के बाद मप्र सरकार के समर्थन मूल्य 1925 रु प्रति क्विंटल पर बेचा जा रहा था। बाद में मप्र शासन प्रति क्विंटल पर कुछ बोनस राशि भी घोषित करता है। दिलचस्प बात यह है कि ये सभी केंद्र मप्र शासन के नागरिक आपूर्ति मंत्री गोविंद सिंह राजपूत के विधानसभा क्षेत्र सुरखी में स्थित हैं। जहां से वे फिर से चुनाव लड़ने वाले हैं। मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने मामले में कड़ी से कड़ी कार्रवाई किए जाने की बात कही है। इसकी जांच में उप्र के वरिष्ठ अधिकारियों पर भी गाज गिर सकती है।

एफआईआर में तीन समर्थन मूल्य खरीदी केंद्रों के प्रबंधकों, राय वेयर हाउस सीहोरा के संचालक जो कि सागर जिला पंचायत सदस्य के रिश्तेदार हैं, एक स्व सहायता समूह के सदस्यों के नाम हैं। रघु जैसे कुछ रसूखदारों के नाम छोड़े जाने की खबर है। यूपी की कोरोना राहत का गेंहू मालथौन स्थित दोनों प्रदेशों के चेकपोस्ट बैरियर्स को क्रास करने के बजाए मड़ावरा मदनपुर नोनिया तिराहा से होता हुआ लगभग डेढ़ सौ किमी दूर सागर में सीहोरा के राय वेयर हाउस में आकर ट्रालियों में पल्टी होता था। फिर किसानों के गेंहू के रूप में समर्थन मूल्य केंद्र पर तुलवाया जाता था। तीन ट्रक वेयर हाउस से पकड़े गये और दो ट्रक और ट्रालियां वेयर हाउस के पीछे स्थित खरीदी केंद्र से। सागर जिला प्रशासन को किसी ने खुफिया जानकारी दी थी कि यूपी का गेंहू इन केंद्रों पर तौला जा रहा है तब एसडीएम और टीआई राहतगढ़ ने छापामार कार्रवाई की। 

आश्चर्यजनक रूप से ललितपुर कलेक्टर ने दिन में ही सफाई देकर यह कहकर मामले पर पर्दा डालने की कोशिश की थी कि कुछ किसान और व्यापारी टैक्स बचाने के लिए ऐसा कर रहे थे। पर उन्हें शायद नहीं मालूम था कि ट्रकों पर कोविड-19 राहत और फूड कार्पोरेशन ऑफ इंडिया-यूपी सील पूरे मामले की पोल खोल चुकी हैं। इस मामले की जांच को लेकर सागर जिला प्रशासन इतना सख्त है कि उसके दायरे में ललितपुर कलेक्टर भी आ सकते हैं। बड़ा सवाल यह है कि यह खेल कब से चल रहा था और यूपी से अब तक गेंहू के कितने ट्रक पिछले महीने भर में समर्थन मूल्य पर बिकवाए जा चुके हैं।

घोटाले बाजों ने स्थानीय किसानों के दस्तावेजों का इस्तेमाल आन लाइन रजिस्ट्रेशन कराने में किया होगा क्योंकि इसके बिना खरीदी केंद्रों पर गेंहू की खरीद संभव नहीं है। मामला स्वयंसिद्ध इसलिए है क्योंकि समर्थन मूल्य के रेट यूपी में भी वही हैं जो एमपी में हैं तो फिर इतनी लागत लगा कर माल दूसरे प्रदेश में बेचे जाने का औचित्य ही नहीं है। गेंहू के कोरोना राहत के चावल, दाल को भी सागर जिले में लाकर बेचे जाने की आशंका जताई जा रही है जिसे ललितपुर के कुछ व्यापारियों और अधिकारियों ने मिलकर ठिकाने लगाया है।

सागर में लोगों ने दावा किया कि यह घोटाला काफी दिनों से चल रहा था। इस मामले में पुलिस के अधिकारियों का कहना है कि यह अनाज जिन बोरियों में मिला है उनमें एफसीआई उत्तर प्रदेश की मोहर लगी हुई है। पुलिस के अधिकारियों ने बताया कि मामले में जांच की जा रही है। उत्तर प्रदेश से अवैध तरीके से सागर बेचने के लिए आया पांच ट्रक गेंहू बरामद किया गया है। यह गेंहू कोरोना महामारी के बीच उत्तर प्रदेश में जरूरतमंदों को बांटा जाना था। जिन ट्रकों में यह गेहूं रखकर लाया गया था उन सभी ट्रकों पर कोविड-19 खाद रसद आपूर्ति हेतु लिखा हुआ है। इससे पहले मध्य प्रदेश के ग्वालियर में गरीबों को बांटे जाने वाले आटे में घोटाला सामने आया था।

कोरोना महामारी में गेहूं घोटाले का मामला सामने आने के बाद कांग्रेस पार्टी ने इसकी कड़ी आलोचना की है। कांग्रेस ने ट्वीट कर कहा कि लीजिए अब योगी सरकार और शिवराज सरकार मिल कर घोटाला कर रही हैं। 1000 बोरी गेहूं जो यूपी में बांटना था वो एमपी बिकने भेज दिया गया। गरीब के पेट पर लात मार संवेदनहीनता की घोटालेबाज़ों ने हदें पार कर दीं। 

(जनचौक डॉटकाम के वरिष्ठ पत्रकार जेपी सिंह  की रिपोर्ट से साभार)


सांवेर के कांग्रेस पदाधिकारियों ने थामा भाजपा का दामन तुलसी सिलावट बोले मध्यप्रदेश में ही खत्म हो जाएगी कांग्रेस हो जाएगी कांग्रेस

भोपाल। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान एवं भाजपा प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा के समक्ष सोमवार को भारतीय जनता पार्टी प्रदेश कार्यालय में सांवेर के वरिष्ठ कांग्रेस पदाधिकारियों ने भारतीय जनता पार्टी की सदस्यता ग्रहण की। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान एवं प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा ने सभी नेताओं का दुपट्टा पहनाकर स्वागत किया। इस अवसर पर प्रदेश के जल संसाधन मंत्री तुलसीराम सिलावट विशेष रूप से उपस्थित थे।

सदस्यता ग्रहण करने वालों में वर्तमान ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष पूर्व मंडी अध्यक्ष भारत सिंह चौहान, सांवेर नगर परिषद के पूर्व अध्यक्ष एवं मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी के सदस्य दिलीप चौधरी, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष इंदौर हुकुम सिंह सांखला, मार्केटिंग अध्यक्ष एवं वरिष्ठ कांग्रेस नेता नगजी राम ठाकुर, वरिष्ठ खाती समाजसेवी हुकुम सिंह पटेल, किसान कांग्रेस इंदौर के जिला अध्यक्ष एवं जनपद सदस्य ओम सेठ शामिल थे।

प्रदेश अध्यक्ष विष्णु शर्मा ने कहा कि सौभाग्य का विषय है कि जिस गति से मध्य प्रदेश के अंदर भाजपा की सरकार शिवराज जी के नेतृत्व में काम कर रही है और भाजपा का संगठन जिस गति से काम कर रहा है। उस यात्रा में ज्योतिरादित्य सिंधिया जी के नेतृत्व में कांग्रेस के मित्र भारतीय जनता पार्टी में शामिल हुए थे। मंत्री तुलसी सिलावट जी के समर्थकों ने भारतीय जनता पार्टी की सदस्यता ग्रहण की है। मैं सभी नेताओं का स्वागत करता हूं। उन्होंने कहा कि सांवेर भी सिलावट के नेतृत्व में कांग्रेस मुक्त होगा।

ग्वालियर में दूध की आड़ में समोसे-कचौड़ी बेच रहा था, गिरफ्तार …

ग्वालियर। व्यापारी और लोग लॉकडाउन के नियमों का पालन करने में अब बड़ी चूक कर रहे हैं और इसका नतीजा यह है कि बाजाराें और सड़कों पर न केवल भीड़ बढ़ने लगी है बल्कि लोग असुरक्षित ढंग से घूम रहे हैं। सोमवार को भी शहर की सड़कों पर लोग बिना मास्क व दूसरे सुरक्षा इंतजामों के घूमते हुए! मिले, जिनमें से कई पर पुलिस ने कार्रवाई की।

 लॉकडाउन में एक मिठाई की दुकान पर दूध के पैकेट की आड़ में समोसे और कचौड़ी बेचे जा रहे थे। काउंटर पर दूध के पैकेट रखे थे, लेकिन दुकान के पीछे नाश्ता सेंटर चल रहा था। दुकान के अंदर भी लोग बैठे थे। इतना ही नहीं, दुकानदार न तो मास्क लगाए थे और न ही ग्लव्स पहने थे। पुलिस ने दुकानदार को गिरफ्तार कर लिया। दुकानदार का नाम सुरेश पुत्र प्रेमचंद जैन है, वह दानाओली में मिठाई की दुकान चलाता है। 

दुकान के अंदर ही एक कमरे में नमकीन बनाने के लिए हलवाई बैठे थे। यह लोग भी बिना मास्क और ग्लव्स के थे। कोतवाली पुलिस ने दुकानदार पर एफआईआर दर्ज की। दाल बाजार, लोहिया बाजार, दौलतगंज, सदर बाजार, हजीरा, बहोड़ापुर और हनुमान चौराहा समेत कई स्थानों के बाजारों में किराना, हार्डवेयर और जनरल स्टोर के साथ दूसरी दुकानें भी सुबह से खुल गईं और उन पर भीड़ भी लगी रही। 

मध्य प्रदेश: लॉकडाउन फेज-4 / राज्य में भोपाल-इंदौर समेत सात जिले रेड जोन में, बाकी सभी ग्रीन जोन, कोई ऑरेंज जोन नहीं

भोपाल. लॉकडाउन फेज-4 में मध्यप्रदेश में सिर्फ रेड और ग्रीन जोन होंगे। राज्य में अब ऑरेंज जोन नहीं होंगे। इंदौर, भोपाल, उज्जैन, जबलपुर, बुराहानपुर, खंडवा और देवास रेड जोन में बाकी सभी जिले ग्रीन जोन में होंगे। रेड जोन के कंटेनमेंट एरिया में किसी तरह की गतिवधियां शुरू नहीं होंगी। ग्रीन जोन में सभी तरह की गतिविधियां सोशल डिस्टेंसिंग के साथ शुरू हो सकेंगी। यह घोषणा मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने की। उन्होंने बताया किशाम सात बजे से सुबह सात बजे तक कहीं भी आना-जाना प्रतिबंधित रहेगा।

कंटेंनमेंट क्षेत्रों में विशेष प्रतिबंध जारी रहेंगे

मुख्यमंत्री ने कहा,”लॉकडाउन-4 के दौरान सभी कन्टेनमेंट क्षेत्रों में विशेष प्रतिबंध जारी रहेंगे।केवल अत्यावश्यक गतिविधियों की अनुमति होगी। इस जोन के भीतर और बाहर लोगों का आना-जाना प्रतिबंधित रहेगा।केवल मेडिकल इमरजेंसी,आवश्यक वस्तुओं और सेवाओं की आपूर्ति की जा सकेगी। कंटेनमेंट एरिया में उद्योग संचालित नहीं होंगे परंतु इनके बाहर सभी स्थानों पर उद्योग संचालित किये जा सकेंगे।”

सभी जोनमें प्रतिबंधित गतिविधियां

सभी जोनमें स्कूल, कॉलेज, कोचिंग, प्रशिक्षण संस्थान, होटल, रेस्टोरेंट, होस्पिटलिटी सेवाएं, सिनेमा हॉल, शॉपिंग मॉल, जिम, स्वीमिंग पूल, मनोरंजन पार्क, थियेटर्स, बार, ऑडिटोरियम प्रतिबंधित रहेंगे। इन जोन्‍स में सामुदायिक कार्यक्रम, सभी प्रकार के सामाजिक, राजनैतिक, खेलकूद, मनोरंजन, अकादमिक, सांस्कृतिक, धार्मिक आयोजन नहीं हो सकेंगे।

सभी धार्मिक स्थल, पूजा स्थल पर धार्मिक सभाएं प्रतिबंधित रहेंगी। शाम 7 बजे से सुबह 7 बजे तक लोगों का आना-जाना केवल अत्यावश्यक गतिविधियों के लिए मान्य होगा। बाकी के लिएप्रतिबंधित रहेगा। सार्वजनिक परिवहन की बसें अभी एक सप्ताह तक प्रतिबंधित रहेंगी तथा इसके बाद समीक्षा कर निर्णय लिया जाएगा।

रेड जोन में ये गतिविधियां

रेड जोन के अंतर्गत मोहल्ले की दुकानें, रहवासी परिसर की दुकानें तथा बाजारों में स्थित आवश्यक वस्तुओं की दुकानें खुली रहेंगी। ऑनलाइन शिक्षा चालू रहेगी।मेडिकल, पुलिस आवास, क्वारैंटाइन सेंटर, फंसे हुए लोगों के भोजन के लिए उपयोग किए जाने वाले होटल, बस डिपो, रेलवे स्टेशन, एयरपोर्ट में संचालित कैंटीन चालू रहेंगे।होम डिलेवरी करने वाले रेस्टोरेंट के किचन, स्पोर्ट्सकाॅम्पलेक्स, स्टेडियम (बिना दर्शकों के), सभी प्रकार का माल परिवहन, कार्गो मूवमेंट तथा उनके खाली वाहनों का मूवमेंट जारी रहेंगे।स्वास्थ्यकर्मियों एवं सफाईकमियों का आवागमन, उद्योगों के लिए श्रमिकों को लाने ले जाने की बसें तथा शासकीय एवं निजी कार्यालय 50 प्रतिशत क्षमता के साथ चालू रहेंगे।

ग्रीन जोन में ये गतिविधियां

ग्रीन जोन सभी क्षेत्रों के लिए प्रतिबंधित गतिविधियों को छोड़कर शेष सभी प्रकार की गतिविधियां संचालित की जा सकेंगी।सभी दुकानें एवं बाजार खुले रहेंगे, सब्जी मंडियां खुलेंगी।निजी व शासकीय कार्यालय पूरी क्षमता से चलेंगे तथा निजी वाहनों से आवागमन किया जा सकेगा।यदि किसी ग्रीन जोन जिले में पॉजिटिव प्रकरण बढ़ते है तो वह रेड जोन में परिवर्तित किया जा सकेगा।

सभी जोनों के लिए अनिवार्य सावधानियां

प्रत्येक जोन मे कोरोना संक्रमण से बचने के लिए 65 साल से अधिक उम्र के लोग, मल्टीपल डिसआर्डर वाले व्यक्ति, गर्भवती महिलाएं तथा 10 वर्ष से कम उम्र के बच्चों को घर पर ही रहना होगा।सभी लोगों को सार्वजनिक स्थानों और कार्यस्थल पर मास्क पहनना अनिवार्य होगा।इन स्थानों पर थूकने पर जुर्माना लगाया जाएगा।विवाह में अधिकतम 50 लोग शामिल हो सकेंगे, अंतिम संस्कार में अधिकतम 20 लोग जा सकेंगे।सार्वजनिक स्थानों पर शराब पीना, पान, तम्बाकू, गुटखा खाना प्रतिबंधित होगा।दुकानों पर ग्राहकों के बीच दो गज की दूरी रखना अनिवार्य होगी तथा एक समय में दुकान पर 5 से अधिक लोग नहीं रह सकेंगे।सभी कार्य स्थलों के प्रवेश द्वारा एवं प्रस्थान द्वार पर थर्मल स्क्रीनिंग, हैण्डवाश और सैनेटाईजर की व्यवस्था, पूरे कार्य स्थल पर नियमित सैनिटाइजेशन के साथ फिजिकल डिस्टेंसिंग अनिवार्य होगी।

ग्वालियर में सोमवार को 8 पॉजिटिव रिपोर्ट आईं पाँच कोरोना मरीज स्वस्थ होकर घर पहुँचे संभाग में 21 नए पॉजिटिव

ग्वालियर / कोविड-19 की जाँच के लिये भेजे गए नमूनों में से लगभग 400 नमूनों की जांच रिपोर्ट प्राप्त हुई है । ग्वालियर में 8 पॉजिटिव प्रकरणों की जांच मिली है। पॉजिटिव पाए गए तीन व्यक्ति डबरा से एवं पाँच अन्य व्यक्ति जिनकी ट्रैवल हिस्ट्री है।
कलेक्टर श्री कौशलेन्द्र विक्रम सिंह ने बताया कि सोमवार 18 मई को लगभग 400 नमूनों की जांच रिपोर्ट आई है, जिनमें से 8 नमूने पॉजिटिव और शेष सभी नमूनों की जांच निगेटिव प्राप्त हुई है। ग्वालियर में पाँच कोरोना मरीज पूर्णत: स्वस्थ हुए हैं, जिन्हें सुपर स्पेशिलिटी अस्पताल से आज उनके घर भेजा गया है। उन्होंने जिले के निवासियों से अपील की है कि नोवेल कोरोना वायरस के संक्रमण से बचने के लिये पूर्ण सावधानी बरतें। कोई भी व्यक्ति बाहर से आता है तो उसकी सूचना जिला प्रशासन को दें। इसके साथ ही जिन लोगों को होम क्वारंटाइन किया गया है वे सभी लोग अपने निवास पर ही क्वारंटाइन में रहें।

ग्वालियर कोरोना अपडेट- 18 मई 2020 COVID – * 21 नए पॉजिटिव । ग्वालियर , डबरा , मुरैना और गुना के मामले

1 , आयुष धाकड़ 22 , विकास नगर ग्वालियर

2 , रोहित 12 , पठान बसई मुरैना

3 , ओमकार , लोलाकी मुरैना

4 , रवि 21 , लोलाकी मुरैना

5 , रवीना 19 , लोलाकी मुरैना

6 , रविन्द्र 16 ,

7 , ज्योति 17 , गुना

 8 , निर्देश 38 , मोतीपुरा

 9 सार्मिन 30 , यूपी ( भिंड से सेम्पल आया )

 10 , अमन 26 , गोहद

 11 , देवेंद्र 36 , बेहट ग्वालियर

12 , प्रीति राजभोर 30 , गुना

13 , मयंक 22 , भिंड .

 14 , रामवतार 55 , भिंड

 15 , प्रतिभा 55 , भरौली भिंड

16 , सुशीला 32 , रतवाई ग्वालियर

17 , ओमकार 38 , रतवाई ग्वालियर

18 , प्रदीप 10 , रतवाई ग्वालियर

19 , अर्पिता 26 , गणेश कॉलोनी डबरा ,

 20 , अर्पित 21 , गणेश कॉलोनी डबरा

21 , शुभम 28 , गणेश कॉलोनी डबरा

मुन्नालाल गोयल को नहीं बुलाया……

ग्वालियर. आगामी विधानसभा के उपचुनाव की तैयारी के लिए शनिवार को संभागीय संगठन मंत्री ने मुखर्जी भवन में महत्वपूर्ण बैठक ली। बैठक में सांसद विवेक नारायण शेजवलकर, पूर्व मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर, जिलाध्यक्ष कमल माखीजानी तो मौजूद थे। बैठक में पूर्व विधानसभा से पूर्व विधायक मुन्नालाल गोयल उपस्थित नहीं थे। उनका कहना था कि बैठक के संबंध में मुझे कोई जानकारी नहीं है। जबकि संभागीय संगठन मंत्री तिवारी ने कहा, यह सिर्फ ग्वालियर विधानसभा की बैठक थी, अगली बार पूर्व विधानसभा की बैठक करेंगे तब उनसे से बात करेंगे।

बैठक में न आने के पीछे कारण, जिलाध्यक्ष का विरोध बताया जा रहा है क्योंकि जो भाजपाई विरोध कर रहे हैं वे पूर्व विधानसभा जुड़े हुए हैं। हालांकि इस संबंध में पूर्व विधायक मुन्नालाल गोयल का कहना है कि बैठक के संबंध में कोई जानकारी नहीं दी गई थी।

संभागीय संगठन मंत्री आशुतोष तिवारी ने आगामी उपचुनाव को लेकर चर्चा की साथ ही विरोधी खेमे को लेकर भी चर्चा हुई। उन्होंने कार्यकर्ताओं को मतदान केंद्रों पर आरोग्य सेतु ऐप को ज्यादा से ज्यादा परिवारों में डाउनलोड कराने के लिए कहा, साथ ही पीएम केयर फंड में कार्यकर्ताओं एवं लोगों से राशि दान कराने के लिए कहा। तिवारी ने कार्यकर्ताओं से मप्र शासन द्वारा जो राशन सामग्री जरूरतमंदों को बांटी जा रही है। उसका लाभ अंतिम छोर के व्यक्ति तक मिल सकें ऐसा सभी कार्यकर्ताओं को प्रयास करना चाहिए।

दल बदलकर आए लोगों से मिलाए दिल: सांसद
ग्वालियर सांसद विवेक नारायण शेजवलकर ने कहा, हमारे परिवार में जो नए सदस्य आएं हैं, उन लोगों को हमें साथ लेकर चलना है। आगामी विधानसभा उपचुनाव बहुत महत्वपूर्ण है। दल बदलकर जो लोग भाजपा में आए हैं, हमें उनसे दिल भी मिलना है और डबल शक्ति के साथ भारतीय जनता पार्टी को चुनाव में जिताना है।

भाजपा की कार्यशौली समझ रहा हूं: तोमर
पूर्व मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर ने कहा, मैं भारतीय जनता पार्टी की कार्यशैली को समझने की कोशिश कर रहा हूं और भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं से संपर्क कर रहा हूं और साथ ही राशन वितरण जैसा कार्य है उसमें भी मैं भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं के सहयोग से कर रहा हूं।

हर सात दिन समीक्षा होगी: माखीजानी
जिलाध्यक्ष कमल माखीजानी ने कहा, संगठन ने जो काम हमें दिए हैं, हमें उसे पूरी मेहनत की पराकाष्ठा करते हुए करना है और संगठन द्वारा हमें जो कार्य दिए गए हैं, उसकी हर सात दिन में समीक्षा की जाएगी। आगामी उपचुनाव के लिए एकजुट होकर मैदान में जाना होगा। इस अवसर पर दीपक शर्मा, गजेंद्र राठौर, ग्वालियर विधानसभा के वर्तमान मंडल अध्यक्ष और पूर्व मंडल अध्यक्ष उपस्थित रहे।