मध्यप्रदेश की बड़ी खबर, फिर से होगा शिवराज मंत्रिमंडल का विस्तार.


मध्यप़देश में एक बार फिर से मंत्रीमंडल का विस्तार हो सकता है कारण आगे आने वाले विधानसभा के उपचुनाव हैं. उन सिंधिया समर्थक पूर्व मंत्रियों और पूर्व विधायकों को डर सताने लगा है कहीं ऐसे ही चलता रहा और उनको पावर न मिली तो घर बैठे बैठे उनकी सीट न खिसक जाये । इस बात की चिंता सिंधिया जी को भी सताने लगी होगी और निश्चित वह शिवराज सिंह और अन्य केंद़ीय नेतृत्व से चर्चा जरुर करते होंगे और शिवराज सिंह भी इस बात को समझते हैं कि बात सच है कहीं ऐसा न हो जाये और मिली मिलाई सत्ता हाथ से निकल जाये ।

इसी भय के चलते एक बार फिर शिवराज मंत्रिमंडल विस्तार की चर्चा तेज हो गई है।सूत्र बताते हैं कि लॉक डाउन खत्म होते ही छह मई को मंत्रिमंडल का विस्तार हो सकता है। इसके लिए चार मई को मुख्यमंत्री शिवराज दिल्ली हाईकमान से मुलाकात करने जा सकते है।चर्चा है कि दूसरी बार होने वाले मंत्रिमंडल में कमलनाथ सरकार को गिराने में अहम भूमिका निभाने वाले कई बीजेपी विधायकों और सिंधिया समर्थकों को जगह दी जा सकती है।फिलहाल शिवराज की मिनी कैबिनेट में पांच मंत्री है।

दरअसल, कोरोना के तेजी से बढते कहर और कांग्रेस के बार बार सवाल उठाने के बाद 21 क अप्रैल को मध्य प्रदेश में सरकार बनाने के 29 दिन बाद सीएम शिवराज सिंह चौहान के मंत्रिमंडल का विस्तार किया था। यह मंत्रिमंडल छोटा था और इसमें पांच मंत्रियों को शामिल किया गया था। अब दूसरे लॉक डाउन की समय सीमा समाप्त होने वाली है ,ऐसे में शिवराज मंत्रिमंडल विस्तार की अटकलों ने फिर जोर पकड़ लिया है। सुत्रों की माने तो 6 मई को बड़े स्तर पर शिवराज कैबिनेट का विस्तार हो सकता है।3 मई को लॉक डाउन खत्म होते ही 4 मई को दिल्ली जा सकते है और वहां हाईकमान और सिंधिया से चर्चा के बाद मंत्रिमंडल विस्तार किया जा सकता है। क्योंकि कई वरिष्ठ नेताओं को अभी इस मंत्रिमंडल में जगह नहीं मिली है।

वही चर्चा इस बात की भी है कि पूर्व मंत्री विजय शाह और यशोधरा राजे सिंधिया की छुट्टी हो सकती है वही समर्थन देने वाले निर्दनीय को जगह नही दी जाएगी।इधर, विधानसभा अध्यक्ष के लिए जगदिश देवड़ा, सीतार सरण शर्मा और गोपाल भार्गव का नाम भी चर्चा में बना हुआ है।

बता दे कि 230 सदस्यीय विधानसभा में सदस्यों की संख्या के लिहाज से मंत्रिमंडल में 15 फीसदी यानी 35 सदस्य ही हो सकते हैं, जिनमें मुख्यमंत्री भी शामिल हैं। शिवराज समेत अब कैबिनेट में 6 सदस्य हैं। 28 विधायकों को बाद में मंत्री बनाया जा सकता है। फिलहाल मंत्रिमंडल में पांच कैबिनेट मंत्री है।

बीजेपी से इनको बनाया जा सकता है मंत्री

भुपेन्द्र सिंह

गोपाल भर्गव

रामपाल सिंह

विश्वास सारंग

गौरीशंकर बिसेन

केदारनाथ शुक्ला

गिरीश गौतम

नीना वर्मा

रमेश मेंदोला

मालिनी गौड़

अरविंद भदौरिया

ओम प्रकाश सकलेचा

सीतासरण शर्मा

जगदीश देवड़ा

मोहन यादव

संदय पाठक

बिसाहू लाल सिंह

राम लल्लू वैश्य

जालम सिंह पटेल

करण सिंह वर्मा

गायत्री राजे पंवार

यशपाल सिंह सिसौदिया

सिंधिया समर्थकों में से इनको मिल सकती है कमान

इमरती देवी

प्रदुम्न सिंह तोमर

महेन्द्र सिसौदिया

प्रभुराम चौधरी

हरदीप सिंह डंग

एंदेल सिंह कंसाना

राज्यवर्धन सिंग दतिगांव

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *