डूबते हुए शख्स को बचाने के लिए भागा हाथी का बच्चा, समझदारी देख लोग हो रहे इमोशनल

नई दिल्ली, एजेंसी। जानवर में इंसानों से ज्यादा इंसानियत बाकी हैं और हम उनसे बहुत कुछ सीख सकते हैं। हाल ही में, एक बच्चे के हाथी की एक वीडियो सामने आई, जिसमें वह बच्चा एक आदमी को बचाने की कोशिश कर रहा है। छोटे हाथी को लगता है कि वह आदमी डूब रहा, इसलिए वह तुरंत आदमी की दिशा में दौड़ लगाता है।…और यह क्लिप एक गवाही भी है कि हाथी कितना समझदार है, जो जानवर होकर भी इतना प्रेम और किसी को मरने से बचा रहा है।

जिस वीडियो के बारे में हम बात कर रहे हैं, वह ट्विटर उपयोगकर्ता स्टान्स ग्राउंडेड द्वारा ट्विटर पर शेयर की गई। इसमें कैप्शन दिया गया, ‘इस बच्चे हाथी ने सोचा कि वह (आदमी) डूब रहा है और उसे बचाने के लिए दौड़ा। हम वास्तव में उनके लायक नहीं हैं।’ बता दें कि वायरल वीडियो में हाथियों के झुंड को एक नदी के किनारे टहलते हुए देखा जा सकता है। फिर जहां अचानक एक आदमी फ्रेम में दिखाई देता है जो पानी में तैरने का आनंद ले रहा होता है।

हाथियों में से एक छोटे हाथी को लगता है कि आदमी डूब रहा है और उसे बचाने के लिए वह भागता है। हालांकि, तैरने वाला व्यक्ति पहले छोटे हाथी से दूर जाने की कोशिश करता है, लेकिन बाद में हाथी द्वारा पकड़ा जाता है। बच्चा हाथी तब बहुत ही प्यार भरे तरीके से आता है और आदमी को किनारे लेजाता है। आदमी को हाथी को थैंक्यू कहते हुए सुना जा सकता है।

इंटरनेट पर इस वीडियो की बहुत तारीफ की जा रही है। एक यूजर ने ट्विटर पर कहा, ‘यह दुख की बात है कि जब इंसानों के मुकाबले जानवर अक्सर मानवता के लिए अधिक प्यार और करुणा दिखाते हैं।’ वहीं, लोगों ने हाथी की समझदारी की भी सराहना की। लोगों ने कहा- वे बहुत ही स्मार्ट और इमोशनल हैं।

जम्मू-कश्मीर HC नहीं जा सका याचिकाकर्ता, CJI बोले- मामला गंभीर, मैं खुद जाऊंगा श्रीनगर

सुप्रीम कोर्ट में सोमवार को जम्मू-कश्मीर में हिरासत में लिए जा रहे बच्चों को लेकर सुनवाई हुई. अदालत में याचिकाकर्ता की ओर से कहा गया कि घाटी में 10 से 18 साल के बच्चों को हिरासत में लिया जा रहा है. इस पर चीफ जस्टिस रंजन गोगोई ने याचिकाकर्ता को हाईकोर्ट में याचिका दायर करने को कहा, साथ ही हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस से इसपर रिपोर्ट भी मांगी.

चीफ जस्टिस रंजन गोगोई ने कहा कि अगर लोग राज्य की हाईकोर्ट का रुख नहीं कर पा रहे हैं और अपनी बात नहीं कह पा रहे हैं तो ये काफी सीरियस मसला है, अगर जरूरत पड़ी तो मैं खुद श्रीनगर का दौरा करूंगा. चीफ जस्टिस ने कहा कि वह खुद इस मसले पर विस्तार से जम्मू-कश्मीर हाईकोर्ट के जस्टिस से बात करेंगे.

याचिकाकर्ता ने अदालत को बताया कि चाइल्ड एक्टिविस्ट का इस वक्त हाईकोर्ट जाना काफी मुश्किल है. चीफ जस्टिस रंजन गोगोई ने इस दौरान कहा कि आप कारण बताएं कि ये मुश्किल क्यों है? अगर ऐसा है तो ये गंभीर मसला है.

इसी दौरान चीफ जस्टिस रंजन गोगोई ने कहा कि वह खुद जम्मू-कश्मीर के चीफ जस्टिस से पूरी रिपोर्ट मांगेंगे, ये काफी गंभीर मसला है. चीफ जस्टिस ने कहा कि वह इस मसले पर अब किसी वकील से नहीं बल्कि सीधे हाईकोर्ट की बात सुनेंगे.

आपको बता दें कि सोमवार को सुप्रीम कोर्ट में जम्मू-कश्मीर से जुड़ी 8 याचिकाओं पर सुनवाई हुई. इस दौरान अदालत की ओर से कुछ मामलों में केंद्र सरकार को नोटिस भी दिया गया. सर्वोच्च अदालत ने कांग्रेस नेता गुलाम नबी आजाद को जम्मू-कश्मीर जाने की इजाजत दे दी है.

अदालत की ओर से अभी संचार व्यवस्था पर कोई आदेश नहीं दिया गया है. सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि इस मामले में केंद्र सरकार सुरक्षा को लेकर फैसला ले और आगे बढ़े.

मध्यप़देश व्यापम घोटाले मेंCBI की विशेष अदालत ने दो अभ्यर्थियों को माना दोषी, 7 साल की सजा

दोनों अभ्यर्थियों ने 2013 में पुलिस एएसआई और सूबेदार पद पर भर्ती के लिए आवेदन दिया था.

नई दिल्ली. सीबीआई (CBI) की विशेष अदालत ने मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) में भर्ती से जुड़े व्यापमं घोटाले (Vyapam Scam) में दो अभ्यर्थियों को दोषी करार देते हुए सात साल की सजा सुनाई. सीबीआई कोर्ट ने यह फैसला सोमवार को दिया. सीबीआई ने एक बयान में कहा कि भोपाल में व्यापमं मामले के विशेष न्यायाधीश ने राकेश पटेल और तरुण उसारे को सात-सात साल सश्रम कारावास और 1,000-3,000 रुपये तक जुर्माने की सजा सुनाई है.

दोनों अभ्यर्थियों ने एएसआई और सूबेदार पद के लिए किया था आवेदन

दोनों अभ्यर्थियों ने 2013 में पुलिस एएसआई और सूबेदार पद पर भर्ती के लिए आवेदन दिया था. उच्चतम न्यायालय के आदेश पर सीबीआई ने घोटाले की जांच की जिम्मेदारी संभाली. इससे पहले मध्य प्रदेश पुलिस इसकी जांच कर रही थी.

सुरक्षा गार्ड की मदद से चुराई गई थी ओएमआर शीट

इस संदर्भ में पहले व्यापमं द्वारा नौ जनू, 2013 को आयोजित परीक्षाओं की ओएमआर शीट की चोरी और उसके साथ छेड़छाड़ के आपराधिक षड्यंत्र के आरोपों को लेकर मामला दर्ज किया गया था. आरोप है कि व्यापमं के कंप्यूटर प्रभाग में 15 जून, 2013 को जब स्कैन करने के लिए ओएमआर शीट वाले लिफाफे खोले गए तो उनमें से दो ओएमआर शीट गायब थी. इसकी सूचना परीक्षा नियंत्रक को दी गई. उसके बाद चलाए गए तलाशी अभियान में सुरक्षा गार्ड के पास रखे बैग से दो ओएमआर शीट की फोटोकॉपी मिली. गार्ड ने बताया कि वह बैग व्यापमं के किसी कर्मचारी का है. जांच में यह बात सामने आयी की ओएमआर शीट व्यापमं के दो कनिष्ठ कर्मचारियों ने सुरक्षा गार्ड की मदद से चुराई थी.

आरोपियों की निशानदेही पर कचरे के ढेर से मिली ओएमआर शीट

आरोपियों की निशानदेही पर कचरे के ढेर से ओएमआर शीट मिली. मध्यप्रदेश पुलिस ने इस संबंध में दो अभ्यर्थियों उसारे और पटेल को भी आरोपी बनाया. पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ 29 जुलाई, 2013 को आरोपपत्र दायर किया. अतिरिक्त सबूत जुटाने के बाद सीबीआई ने 25 मई, 2017 को पांच आरोपियों के खिलाफ आरोप पत्र दाखिल किया. निचली अदालत ने दो अभ्यर्थियों को दोषी पाया और व्यापमं के सुरक्षा गार्ड सहित तीन कर्मचारियों को बरी कर दिया.

सांसद केपी यादव ने गुना-अशोकनगर-शिवपुरी के लिए मांगी नई ट्रेनें

[करुणेश शर्मा]
*यात्रियों को स्वास्थ्य सुविधाओं के रखे प्रस्ताव*
*रेल महाप्रबंधक के साथ बैठक आयोजित*
शिवपुरी सांसद डॉ.केपी यादव क्षेत्र में जनसुविधाएं दिलाने के लिए भरसक प्रयास कर रहे हैं। इसी श्रंखला में संसदीय क्षेत्र में रेल सुविधाओं को मद्देनजर पश्चिम-मध्य रेल मण्डल परिक्षेत्र महाप्रबंधक की भोपाल में आयोजित बैठक में उन्होंने नई रेल सुविधाओं के साथ रेल यात्रियों को चिकित्सा सुविधाऐं न मिलने पर पुरजोर तरीके से डीआरएम के समक्ष मुद्दा उठाया।
सोमवार को पश्चिम-मध्य रेल मण्डल परिक्षेत्र महाप्रबंधक की भोपाल में बैठक आयोजित हुई। जिसमें सांसद डॉ.केपी यादव ने रेल महाप्रबंधक से सवाल पूछते हुए कहा कि उनके संसदीय क्षेत्र गुना-आशोकनगर-शिवपुरी से यात्रा करने वाले रेल यात्रियों के लिए बीना-जंक्शन से ट्रेनें बदलने पर मरीज यात्रियों के लिए रेलवे द्वारा क्या सुविधाएं प्रदान की जाती हैं? सांसद श्री यादव ने रेल महाप्रबंधक से उनके संसदीय क्षेत्र के यात्रियों को चिकित्सा सुविधायें उपलब्ध करवाने बीना जंक्शन स्टेशन पर अन्य स्थानों पर चिकित्सा सुविधा देने के साथ ही गुना संसदीय क्षेत्र में पीपीपी प्रोजेक्ट के तहत रेलवे अस्पताल खोलने का अपना प्रस्ताव भी रखा। इसके साथ ही गुना संसदीय क्षेत्र में रेलवे की निर्माण इकाई खोले जाने का प्रस्ताव रखा।
इनके अलावा सांसद डॉ.केपी यादव ने गुना,अशोकनगर, शिवपुरी जिले शिक्षा,स्वास्थ्य एवं व्यापारिक गतिविधियां बढ़ाने लिए विभिन्न नई ट्रेनें चलाने का अपना प्रस्ताव रेल महाप्रबंधक के बीच रखा।

*यह है नई ट्रेनों का प्रस्ताव:*
-भोपाल-इंदौर इंटरसिटी (वाया बीना-गुना)
-भोपाल-दिल्ली एक्सप्रेस (वाया बीना-गुना)
-गुना-इलाहबाद साप्ताहिक एक्सप्रेस
-भोपाल-शिवपुरी रात्रि कालीन एक्सप्रेस
-गुना-झांसी पैसेंजर
-गुना-मथुरा साप्ताहिक ट्रेन

*समय परिवर्तन एवं स्टॉपेज का प्रस्ताव:*
-भोपाल-दिल्ली के बीच चलने वाली शताब्दी का बीना में स्टॉपेज किया जाए
-भोपाल-दिल्ली से चलने वाली सुपरफास्ट ट्रेनों का संचालन(वाया बीना-अशोकनगर-गुना-शिवपुरी) होकर किया जाए।
-भोपाल-ग्वालियर इंटरसिटी ट्रेन का समय परिवर्तित किया जाए।
-दुर्ग-अजमेर एक्सप्रेस ट्रेन का स्टॉपेज मुंगावली में किया जाए।
-बीकानेर-विलासपुर एक्सप्रेस का स्टॉपेज अशोकनगर में किया जाए।
इनके अलावा गुना-अशोकनगर, शिवपुरी स्टेशानों पर यात्रियों को मिलने वाली सुविधाएं बढ़ाने के प्रस्ताव के साथ, गुना-ग्वालियार विद्युती करण एवं रेल दोहरी करण कार्य तीव्रगति से करने के प्रस्ताव रखे। साथ ही अशोकनगर रेलवे स्टेशन को चंदेरी पर्यटन स्थल के विकास के लिए हैरिटेज के रूप में विकसित किया जाए।
सांसद डॉ.केपी यादव ने अशोकनगर में रेलवे फाटक पर अंडरब्रिज निर्माण का कार्य शीघ्र शुरू कराने का प्रस्ताव भी डीआरएम के समक्ष रखा।