अब बच्चों को कहानियां पढ़कर सुनाएगा ‘गूगल असिस्टेंट’, जानें कैसे करेगा काम



आपके कमांड देते ही गूगल असिस्टेंट बच्चों को कहानियां सुनाना शुरू कर देगा…

गूगल ने अपने असिस्टेंट में एक कमाल का फीचर जोड़ा है जो पैरेंट्स के लिए बहुत ही ख़ास है. यह फीचर बच्चों को कहानियां पढ़कर सुनाएगा. जब भी आप गूगल असिस्टेंट को कमांड देंगे यह बच्चों को पंचतंत्र और बाकी की कहानियां पढ़कर सुनाना शुरू कर देगा. हालांकि अभी इसमें सिर्फ अंग्रेजी की कहानियां सुनाई जाएंगी लेकिन हो सकता है कंपनी जल्द ही हिन्दी की भी कहानियों के लिए इस फीचर को अपडेट कर दे.

ऐसे कर सकते हैं एक्टिवेट
अगर आप चाहते हैं कि गूगल असिस्टेंट बच्चों को कहानियां सुनाए तो इसके लिए आपको एंड्रॉयड या आईओएस डिवाइस पर ‘Hey Google, tell me a story’ कहना होगा. इसके बाद यह कहानी सुनाने लगेगा. असिस्टेंट झूठ कभी मत बोलो, लालच मत करो, झगड़ा मत करो, ऐसे संदेश देने वाली पंचतंत्र की कहानियों को भी पढ़कर सुना देगा

4 देशों में लॉन्च किया गया फीचर
गूगल ने ‘Tell me a story’ फीचर को चार देशों में लॉन्च किया है जिसमें भारत, ऑस्ट्रेलिया, ब्रिटेन और यूनाइटेड स्टेट्स शामिल हैं. गूगल असिस्टेंट के प्रोडेक्ट मैनेजर एरिक लिउ ने एक ब्लॉग पोस्ट लिखकर बताया कि बेहतरीन कहानियां सुनने के लिए यूजर्स के एंड्रॉयड या आईओएस डिवाइस में गूगल प्ले बुक्स का लेटेस्ट वर्जन भी इंस्टॉल होना चाहिए.



चीन को झटका देकर भारत आने की तैयारी में 200 बड़ी अमेरिकी कंपनियां! मिलेंगी हजारों नौकरियां


आम चुनाव के बाद अमेरिका की 200 से ज्यादा कंपनियां अपना मैन्युफैक्चरिंग बेस चीन से हटाकर भारत में लगा सकती हैं. अगर ऐसा होता है तो देश से एक्सपोर्ट बढ़ेगा. लिहाजा हजारों नौकरियों के मौके बनेंगे.

आम चुनाव के बाद अमेरिका की 200 से ज्यादा कंपनियां अपना मैन्युफैक्चरिंग बेस चीन से हटाकर भारत में लगा सकती है. अमेरिका के बड़े सलाहकार समूह का कहना है कि इन अमेरिकी कंपनियों को चीन से बढ़िया ऑप्शन भारत दिख रहा है. USISPF (यूएस-इंडिया स्ट्रेटजिक एंड पार्टनरशिप फोरम) के प्रेसीडेंट मुकेश आघी के मुताबिक, भारत में निवेश के लिए कंपनियां उनसे सलाह ले रही हैं. उनका कहना है कि आम चुनाव के बाद बनने वाली नई सरकार को आर्थिक सुधारों की रफ्तार तेज करनी होगी. आपको बता दें कि अमेरिका के दक्षिण और केंद्रीय एशिया मामलों के लिए पूर्व व्यापारिक सहायक प्रतिनिधि मार्क लिनस्कॉट इस समय यूएसआईएसपीएफ में सदस्य के तौर पर काम कर रहे हैं.

बनेंगे हजारों नौकरियों के मौके- मुकेश आघी ने न्यूज एजेंसी पीटीआई को बताया कि कि अगली सरकार अधिक पारदर्शी होनी चाहिए. आघी के मुताबिक नई सरकार को अधिक से अधिक निवेश देश में आकर्षित करने के लिए रिफॉर्म और ट्रांसपेरेंसी पर जोर देना होगा. इन कंपनियों के भारत में आने से हजारों नौकरियों के मौके तैयार होंगे.