गुना शिवपुरी लोकसभा: मोदी लहर से सिंहासन डोल रहा….जनता तय करेगी अबकी बार यहां का महाराजा.


कल वाराणसी में मोदी के रोड शो के बाद समूचे देश में मोदी के नाम की सूनामी आ गई है. जनता फिर एकबार मोदी के नाम पर वोटिंग करने पर बेसब़ी से इंतजार करती नजर आ रही है. गुना शिवपुरी की जनता में भी मोदी के नाम का जादू सर चढ़ कर बोल रहा है. धीरे धीरे जनमत मोदीमय होता दिख रहा है. चुनाव की तारीख आते आते ऐसा न हो यह लहर सूनामी का रुप धारण न करले.
इसबार जनता तय करेगी की महाराजा कौन होगा. बदलाव की आहट समय के साथ साफ दिख रही है.
कमलदल के उम्मीदवार को भी अब जगह जगह जनता का भरपूर प्यार मिल रहा है. इससे कार्यकर्ताओं का मनोबल बढ़ता दिख रहा है.
समय रहते अगर इस क्षेत्र में मोदी जी ने एक दो आमसभायें ले लीं तो जनता इतिहास रचने को तैयार बैठी है.

नरेंद़ मोदी जी के पास कितनी संपत्ति है जानिये

प्रधानमंत्री नरेंद्र ने वाराणसी से नामांकन भर दिया है. इसी के साथ ही उन्होंने अपनी संपत्तियों और कर्ज का भी ब्योरा चुनाव आयोग को दिया है. शुक्रवार को दायर हलफनामे के मुताबिक इस वक्त उनकी कुल चल संपत्ति 1 करोड़ 41 लाख 36 हजार 119 रुपये हैं. जबकि अचल संपत्ति के रूप में पीएम नरेंद्र मोदी के पास गुजरात के गांधीनगर में 1 करोड़ 10 लाख रुपये की जमीन है. इस तरह पीएम मोदी की कुल चल अचल संपत्ति 2 करोड़ 51 लाख 36 हजार 119 रुपये है. 2014 में नरेंद्र मोदी ने आयकर विभाग को अपनी आय 9 लाख 69 हजार 711 रुपये बताई थी, पांच साल बाद 2019 में उन्होंने अपनी आय 19 लाख 92 हजार 520 रुपये बताई हैै. 2014 में नरेंद्र मोदी के पास नगदी 29 हजार रुपये थी. 31 मार्च 2019 को खत्म हुए वित्त वर्ष को पीएम नरेंद्र मोदी के पास 38 हजार 750 रुपये नगदी है.

बलात्कार के आरोपी आसाराम बापू के बेटे नारायण साईं को रेप केस में सूरत की सेशंस कोर्ट ने शुक्रवार को दोषी करार

बलात्कार के आरोपी आसाराम बापू के बेटे नारायण साईं को रेप केस में सूरत की सेशंस कोर्ट ने शुक्रवार को दोषी करार दिया है. नारायण साईं की सजा का ऐलान 30 अप्रैल को होगा. सूरत की रहने वाली दो बहनों की ओर से लगाए गए बलात्कार के आरोप में कोर्ट ने नारायण साईं को दोषी करार दिया है. पुलिस ने पीड़ित बहनों के बयान और लोकेशन से मिले सबूतों के आधार पर नारायम साईं और आसाराम के खिलाफ केस दर्ज किया था. नारायण साईं और आसाराम के खिलाफ रेप का केस करीब 11 साल पुराना है.

पीड़िता छोटी बहन ने अपने बयान में नारायण साईं के खिलाफ ठोस सबूत देते हुए हर लोकेशन की पहचान की है. जबकि बड़ी बहन ने आसाराम के खिलाफ मामला दर्ज करवाया था. आसाराम के खिलाफ गांधीनगर के कोर्ट में मामला चल रहा है. नारायण साईं के खिलाफ कोर्ट अब तक 53 गवाहों के बयान दर्ज कर चुकी है, जिसमें कई अहम गवाह भी हैं, जिन्होंने नारायण साईं को लड़कियों को अपने हवस का शिकार बनाते हुए देखा था या फिर इस कृत्य में आरोपियों की मदद की थी, लेकिन बाद में वो गवाह बन गए.

नारायण साईं पर जैसे ही रेप के मामले में एफआईआर दर्ज हुई, वैसे ही वह अंडरग्राउंड हो गया था. वह पुलिस से बचकर लगातार अपनी लोकेशन बदल रहा था. तत्कालीन सूरत पुलिस कमिश्नर राकेश अस्थाना ने नारायण साईं को गिरफ्तार करने के लिए 58 अलग-अलग टीमें बनाई और तलाशी शुरू कर दी थी.

एफआईआर दर्ज होने के करीब दो महीने बाद दिसंबर, 2013 में नारायण साईं हरियाणा-दिल्ली सीमा के पास से गिरफ्तार कर लिया गया. गिरफ्तारी के वक्त नारायण साईं ने सिख व्यक्ति का भेष धर रखा था. खुद को कृष्ण का रूप बाताने वाले नारायण साईं की गिरफ्तारी के बाद उसके कृष्ण की तरह महिलाओं के बीच बांसुरी बजाने के कई वीडियो भी सामने आए थे.

कमलनाथ का तंज- पांच साल पहले चायवाला बनकर आए, अब चौकीदार!

मध्य प्रदेश के जबलपुर में कांग्रेस प्रत्याशी विवेक तन्खा के लिए चुनाव प्रचार करने पहुंचे मुख्यमंत्री कमलनाथ ने केंद्र की बीजेपी सरकार पर जमकर हमला बोला. उन्होंने इस दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सीधी दौरे पर तंज भी कसा. उन्होंने कहा कि पांच साल पहले मोदी चायवाला बनकर आए थे और अब चैकीदार बनकर आ रहे हैं.

दरअसल, शुक्रवार पीएम मोदी सीधी जिले में चुनाव प्रचार करने पहुंचेगे. इस पर कमलनाथ ने कहा जिस तरह 3 तहीने पहले मामा को जनता ने बाहर किया है उसी तरह मोदीजी को भी बाहर करना है. उन्होंने कहा कि पांच साल पहले मोदी चायवाला बनकर आए थे और अब चैकीदार बनकर आ रहे हैं. कमलनाथ ने 29 अप्रैल को होने वाले चौथे चरण के मतदान को लेकर जनता से कांग्रेस का बटन दबाने की अपील की.

इस दौरान कमलनाथ ने पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को चुनौती भी दी. उन्होंने कहा कि शिवराज एक ही मंच मे आकर अपने 15 साल का हिसाब दें और मैं 75 दिन का हिसाब दूंगा. कमलनाथ ने कहा कि देश का भविष्य बदलने के लिए आम लोग कांग्रेस को चुनें.

छिंदवाड़ा कलेक्टर के खिलाफ राज्य चुनाव आयोग में शिवराज सिंह चौहान द्वारा की गई शिकायत को कमलनाथ ने उनके पद के विपरीत बताया. मुख्यमंत्री कलमनाथ ने कहा कि अब शिवराज सिंह के पास शिकायत करने के अलावा कुछ नही बचा है.

मध्यप्रदेश : छिंदवाड़ा में किसान ने खुदकुशी की, मामले पर सियासत शुरू हुई

भोपाल: मध्यप्रदेश के छिंदवाड़ा में एक किसान ने आत्महत्या कर ली. मेघासिवनी गांव के रहने वाले अकड़ू उइके का शव उनके खेत के करीब फूस के छज्जे से लटकता हुआ मिला. छिंदवाड़ा राज्य के मुख्यमंत्री कमलनाथ का चुनावी क्षेत्र है.   
मृतक के परिजनों के मुताबिक चार साल से खेत में फसल खराब हो रही थी. बिटिया की शादी के लिए 9000 रुपये का कर्ज़ भारी पड़ा तो 55 साल के अकडू उइके ने फांसी का फंदा गले में डाल लिया. मृतक की पत्नी सकलवती ने बताया ‘वे मजदूरी करते थे क्योंकि चार साल से खेत में कुछ नहीं पका. बेटी की शादी में 9000 रुपये का कर्जा है. मैंने कहा लड़का है दे देगा.’
वैसे पुलिस की थ्योरी अलग है उसे लगता है शराब पीकर अकड़ू ने फांसी लगा ली. छिंदवाड़ा के एसपी मनोज राय ने कहा ‘परिजनों से बात की तो पता चला कि मृतक शराब पीने का आदी था और शराब के नशे में काफी रहता था. उसको लेकर संभवत: यह आत्महत्या प्रथम दृष्टया प्रतीत हो रही है. हमें कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है. हम आगे की कार्रवाई कर रहे हैं.’
    
कांग्रेस को लगता है कि इस आत्महत्या में बीजेपी की भूमिका की जांच चाहिए, तो बीजेपी को लगता है कि प्रशासन का बर्ताव कांग्रेस प्रवक्ता की तरह है. कांग्रेस प्रवक्ता रवि सक्सेना ने कहा ‘हम देख रहे हैं कि लगातार जब से हमने किसान का कर्ज़ माफ किया है, बीजेपी बुरी तरह से तिलमिलाई हुई है. तब से कोई घटना नहीं हुई है. अभी दो दिन पहले पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान कह रहे हैं किसानों का कर्ज़ माफ नहीं हुआ है. लगातार इस तरह का झूठा प्रचार कर रहे हैं. हमने आज चुनाव आयोग में भी इसकी शिकायत की है. मुझे लगता है इस एंगल पर भी देखना होगा.’
      
वहीं पूर्व सहकारिता मंत्री और बीजेपी विधायक विश्वास सारंग का कहना था कि ‘किसान से कर्जे का झूठा वादा आपने किया, आपसे किसान परेशान है. किसान को अपनी खेती में पूरी तरह अराजकता का माहौल दिख रहा है. यदि किसान आत्महत्या करता है तो आंसू पोंछने के बजाए प्रशासन, एसपी आकर कांग्रेस के प्रवक्ता के रूप में बात कर रहे हैं. वे जिले के एसपी हैं या कांग्रेस के प्रवक्ता हैं. कांग्रेस कह रही है इसमें भी बीजेपी का हाथ होगा. यह केवल मध्यप्रदेश की कमलनाथ सरकार की नाकामी का बहुत बड़ा उदाहरण है.’

कमलनाथ सरकार ने सत्ता संभालते ही दो लाख रुपये तक की कर्जमाफी कर दी. कुल 55,61,713 किसानों में 51,22,567 किसानों ने कर्ज माफी के फार्म भरे. लोकसभा चुनाव का ऐलान होने से पहले सरकार ने नौ मार्च तक 25 लाख किसानों का कर्जा माफ किया है जिस पर सात हजार दो सौ करोड़ रुपये का खर्चा आया है.

MP: सीधी में बोले पीएम मोदी- नोटों के बोरे भरकर तुगलक रोड भेजे गए


रैली को सम्बोधित करते हुए पीएम ने कहा कि कांग्रेस ने चुनाव जीतने के लिए प्रदेश में कर्जमाफी का झूठा वादा किया था. सत्ता में आने के बाद कांग्रेस ने अभी तक किसानों का कर्ज माफ नहीं किया है
वाराणसी में अपना नामांकन दाखिल करने के बाद मध्य प्रदेश के सीधी जिले में जनसभा संबोधित करने पहुंचे पीएम मोदी ने कांग्रेस और कमलनाथ पर जमकर निशाना साधा. उन्होंने भ्रष्टाचार पर कमलनाथ और कांग्रेस की जमकर खबर ली. मोदी ने कहा कि यहां से नोटों के बोरे भर-भरकर तुगलक रोड के घर भेजे गए.

सीधी जिले में पीएम मोदी की रैली के दौरान मध्य प्रदेश के सभी बड़े बीजेपी नेता शामिल हुए. इस दौरान काफी संख्या में बीजेपी कार्यकर्ता सभास्थल पहुंचे हुए थे. पिछले दिनों मुख्यमंत्री कमलनाथ के करीबी लोगों के घर पड़े आयकर छापे को लेकर पीएम मोदी ने तंज भी कसा. पीएम ने कहा कि कांग्रेस में भ्रष्टाचार ही शिष्टाचार है. उन्होने कांग्रेस सरकार के जमाने में हुए भ्रष्टाचार और कमलनाथ सरकार पर जमकर निशाना साधा.
कांग्रेस के कर्जमाफी योजना पर निशाना साधते हुए उन्होने कहा कि कांग्रेस अपने करीबियों को फायदा पहुंचाने के लिए कर्जमाफी कर रही है. मध्यप्रदेश के आदिवासी बच्चों के लिए, प्रसूता माताओं के लिए भारत सरकार पोषण आहार के लिए दिल्ली से पैसे भेजती है, इसका पैसा भी कांग्रेस ने तुगलक रोड घोटाले के जरिए हड़पा और फिर यहीं पैसे नामदार के प्रचार में लगाया गया.
प्रधानमंत्री ने कहा सीधी सहित ये पूरा क्षेत्र पावर हब रहा है, बिजली के बड़े-बडे प्रोजेक्ट यहां पर हैं. आपका ये चौकीदार जो सौर ऊर्जा पर बल दे रहा है, पूरी दुनिया में सौर ऊर्जा के लिए हम जो अभियान चला रहे हैं. उसका एक अहम सेंटर हमारा ये क्षेत्र होने वाला है.
इस दौरान पीएम मोदी ने महागठबंधन पर भी निशाना साधा. पीएम ने कहा कि आपके आशीर्वाद से बहुत लक्ष्य हासिल हुए और जो बाकी है उनको भी आपके ही सहयोग से पूरा करने वाला हूं. उन्होंने कहा कि इस जगह के साथ बीरबल का नाम जुड़ा है. बीरबल की खिचड़ी को देश का बच्चा-बच्चा जानता है. कांग्रेस अपने महा मिलावटियों के साथ ऐसी ही खिचड़ी पकाने वाली थी. लेकिन तीन चरणों के चुनाव के बाद अब कांग्रेस को समझ आ गया है कि उनकी यह खिचड़ी नहीं पकने वाली है.

सीधी के बाद प्रधानमंत्री मोदी जबलपुर पहुंचेंगे. वहां भी वे एक जनसभा संबोधित करेंगे. जबलपुर से प्रदेश बीजेपी अध्यक्ष राकेश सिंह और सीधी से रीति पाठक प्रत्याशी हैं. रीति और राकेश सिंह दोनों मौजूदा सांसद हैं. राकेश सिंह के मुकाबले में कांग्रेस के नेता विवेक तन्खा हैं. तो वहीं रीति पाठक के मुकाबले में कांग्रेस के नेता अजय सिंह मैदान में हैं.

वाराणसी/ मोदी ने नामांकन दाखिल किया, डोम राजा और मदन मोहन मालवीय की मुंहबोली बेटी बनीं प्रस्तावक

वाराणसी. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार कोवाराणसी लोकसभासीट से दूसरी बार पर्चा भरा। डोमराजा जगदीश चौधरी, मदन मोहन मालवीय की मुंहबोली बेटी अन्नपूर्णा शुक्ला, कृषि वैज्ञानिक राम शंकर पटेल और संघ कार्यकर्ता सुभाष गुप्ता मोदी के प्रस्तावक बने। इस दौरानएनडीए के सात सहयोगी दलों के प्रमुख नेता भीमौजूद रहे। मोदी ने अन्नपूर्णा शुक्ला और प्रकाश सिंह बादल के पैर छूकर आशीर्वाद लिया
कलेक्टोरेट पहुंचने से पहले मोदी ने काल भैरव मंदिर में पूजा की। मोदी के नामांकन भरने के दौरान एनडीए का शक्ति प्रदर्शन नजर आया। बिहार के मुख्यमंत्री और जदयू प्रमुख नीतीश कुमार, शिवसेना अध्यक्ष उद्धव ठाकरे, अकाली दल के नेता प्रकाश सिंह बादल और सुखबीर बादल, अन्नाद्रमुक नेता ओ पन्नीरसेल्वम और थम्बीदुरई, लोजपा प्रमुख रामविलास पासवान, अपना दल की नेता अनुप्रिया पटेल और एनडीपीपी नेता और नागालैंड के मुख्यमंत्री नेफ्यू रियो बनारस पहुंचे। इन सभी का भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने स्वागत किया।भाजपा की तरफ से शाह के अलावा उत्तरप्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, विदेश मंत्री सुषमा स्वराज, उत्तरप्रदेश के प्रभारी जेपी नड्डा, गृह मंत्री राजनाथ सिंह औरसड़क एवं परिवहन मंत्री नितिन गडकरी मौजूद रहे।

मोदी ने कहा- सबसे ज्यादा वोटों से जीत भले न मिले, लोकतंत्र जीतना चाहिए

नामांकन से पहलेबूथ अध्यक्ष और अन्य पदाधिकारियों को संबोधित किया। उन्होंने कहा- मोदी सबसे ज्यादा वोट से जीते या न जीते, लोकतंत्र जीतना चाहिए। मोदी ने यह भी कहा कि काशी को तो कल ही जीत लिया। उनका इशारा गुरुवार को उनके द्वारा किए गए मेगा रोड शो में उमड़े जनसैलाब की ओर था। प्रधानमंत्री ने कहा-मैं गंदी से गंदी चीज को भी खाद बनाता हूं और इसमें कमल खिलाता हूं।

मोदी ने आगेकहा किवाराणसी का चुनाव ऐसा होना चाहिए कि देश के पॉलिटिकल पंडितों को उस पर किताब लिखने का मन कर जाए। हर किसी का दिल जीतना है। हमारा केंद्र बिंदु मतदाता होना चाहिए। न मोदी होना चाहिए, न प्रतिस्पर्धी होना चाहिए। इसी एक बात को लेकर आप चलेंगे।

गुरुवार कोरोड शो और गंगा आरती की थी

मोदी ने गुरुवार को वाराणसी में सात किमी लंबा रोड शो किया था, जो दशाश्वमेध घाट पर खत्म हुआ।मोदी यहां गंगा आरती में शामिल हुए। आरती के बाद मोदी ने गंगा की पूजा-अर्चना भी की।मोदी ने रोड शो के बाद एक जनसभा को भी संबोधित किया। उन्होंनेकहा, ”पांचवर्ष पहले जब काशी की धरती पर मैंने कदम रखा था, तब कहा था कि मां गंगा ने मुझे बुलाया है। गंगा ने ऐसा दुलार दिया, काशी के बहन-भाइयों ने इतना प्यार दिया कि बनारस के फक्कड़पन में ये फकीर भी रम गया।आपकेप्यार और अधिकार का मतलब ये हुआ कि आपने चुनाव संभाल लिया।विजय के बाद आपका धन्यवाद करने आऊंगा।”

मध्य प्रदेश: ग्वालियर रेलवे स्टेशन की कैंटीन में लगीं भीषण आग, रेलवे सेवा प्रभावित

ग्वालियर

मध्यप्रदेश के ग्वालियर रेलवे स्टेशन की कैंटीन में शुक्रवार सुबह आग लग गई है। आग की खबर मिलते ही वहां हलचल मच गई। जैसे की घटना की जानकारी दमकल विभाग को मिली उन्होंने मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाया। जानकारी के मुताबित, अभी तक किसी तरह के नुकसान नहीं हुआ है। 

फिलहाल, इस बात का पता नहीं चल पाया है कि आखिर आग कैसे लगी। घटना की सूचना मिलते ही रेलवे के अधिकारी भी मौके पर पहुंच गए है। कहा जा रहा है कि आग सुबह के वक्त करीब 4 बजे के आस-पास लगी। घटना के कारण कुछ समय के लिए रेल यातायात प्रभावित रहा। 
शॉर्ट सर्किट से स्टेशन के कैंटीन में लगी आग

बताया जा रहा है ट्रेनों के टकराने के बाद ओएचई लाइन को बंद नहीं किया गया, इसके बाद शॉर्ट सर्किट की वजह से ग्वालियर स्टेशन पर कैंटीन में आग लग गई। जिससे यहां अफरा-तफरी भी मच गई थी। सूचना मिलने के बाद नगर निगम का दमकल दस्ता मौके पर पहुंचा और आग बुझाई।

सूत्रों की माने तो फ्रीजर का कम्प्रेसर फटने से हुआ हैं विस्फोट पर अभी जांच जारी है

Gwalior में बेपटरी हुई मालगाड़ी से टकराई Bhopal Express, ड्राइवर बेहोश

ग्वालियर
ग्वालियर। शहर के बिरला नगर स्टेशन पर एक मालगाड़ी बेपटरी हो गई, इसके बाद वहां से गुजर रही भोपाल एक्सप्रेस उससे टकरा गई। हादसे में ट्रेन का ड्राइवर बेहोश हो गया। घटना में ओएचई लाइन भी प्रभावित हो गई। यहां से गुजरने वाली ट्रेनों को कुछ देर के लिए रोक दिया गया है। सूचना मिलने के बाद डीआरएम भी घटनास्थल पर पहुंच गए थे, उन्होंने इस घटना की जांच करने की बात कही है।

ड्राइवर की सजगता से टला हादसा

जानकारी के अनुसार,हबीबगंज से हजरत निजामुद्दीन की ओर जाने वाली भोपाल एक्सप्रेस तड़के ग्वालियर के पास बिड़ला स्टेशन के समीप ही भोपाल एक्सप्रेस जिस ट्रैक पर जा रही थी, उसी पर एक मालगाड़ीभी खड़ीथी। भोपाल एक्सप्रेस के चालक ने तत्काल सूझबूझ दिखाई और गाडी की स्पीट पर काफी हद तक नियंत्रण पा लिया। इसके बावजूद ट्रेन का इंजन मालगाड़ी से टकरा गया।

मालगाड़ी के तीन-चार डिब्बे क्षतिग्रस्त

इसके कारण भोपाल एक्सप्रेस का इंजन और मालगाडी तीनडिब्बे क्षतिग्रस्त हो गए। दुर्घटना की सूचना मिलते ही रेलवे का अमला और राहत बचाव दल घटना स्थल की ओर रवाना किए गए हैं। इसके तुरंत बाद राहत एवं बचाव कार्य भी प्रारंभ किया गया। सुबह तक इस ट्रैक पर यातायात प्रभावित है। दुर्घटना के कारण लगभग आधा दर्जन ट्रेन रद्द की गयी है अथवा उनको परिवर्तित मार्ग से चलाया गया है।