इंदौर में डैमेज कंट्रोल में सफल रहीं दोनों पार्टियां, सभी बागियों ने नाम वापस लिए, आखिरी मिनट में माने पाेरवाल

इंदौर. नाम वापसी के आखिरी दिन भाजपा और कांग्रेस इंदौर में बागियों को मनाने में सफल रही। बुधवार सुबह से ही कांग्रेस और भाजपा दोनों की पार्टियों के दिग्गज बागियों को मनाने में जुटे रहे। इस दौरान काफी उतार-चढ़ाव देखने को मिला। भाजपा से जगदीश घनेरिया, किशोर मीणा, ललित पोरवाल तो कांग्रेस से प्रीति अग्निहोत्री और मोती पटेल और कमलेश खंडेवाल ने नाम वापस लिए। पोरवाल ने तो आखिरी मिनट में नामांकन वापस लिया।

कमलेश ने कहा – परिवार में मनमुटाव था : एक नंबर क्षेत्र में कांग्रेस को पिछले चुनाव में तीसरे नंबर पर धकेलने वाले कमलेश खंडेलवाल ने आखिरकार अपना नामांकन वापस ले लिया। कमलेश ने कहा- परिवार में कुछ मनमुटाव था, जो दूर हो गया, जिसके बाद नाम वापस ले लिया। मैं कांग्रेस में था, हूं और हमेशा रहूंगा। कमलेश को मनाने के लिए सबसे ज्यादा मेहनत दिग्विजय सिंह ने की। प्रदेश प्रभारी दीपक बावरिया ने भी कमलेश को मनाने पहुंचे थे।

कमलेश ने कहा था दूसरी बार अन्याय हुआ :नामांकन दाखिल करने के दौरान खंडेलवाल का कहना था कि पार्टी ने दूसरी बार अन्याय किया। 12 साल से सक्रिय हूं। पहले कह रहे थे कि वैश्य समाज को साधना है, तुम्हें ही लड़ाएंगे। फिर सर्वे, जमीनी हकीकत को दरकिनार कर दूसरों को टिकट दे दिया। उन्होंने कार्यकर्ताओं का सम्मान नहीं रखा, पर मैं ऐसा नहीं करूंगा। नेता बैठने को कह रहे हैं, पर मैं फैसला करीब 15 हजार कार्यकर्ताओं का निर्णय आने के बाद करूंगा। सबकी राय बनी और यह निष्कर्ष निकला कि चुनाव जीत जाएंगे तो ही मैदान में उतरूंगा।

प्रीति ने लिया नाम वापस: क्षेत्र -1 के कांग्रेस प्रत्याशी संजय शुक्ला की मुश्किलें पूरी तरह तो कम नहीं हुई हैं, लेकिन बागी होकर निर्दलीय चुनाव लड़ने वाली प्रीति अग्निहोत्री ने प्रदेश प्रभारी दीपक बावरिया के मनाने के बाद अपना नाम वापस ले लिया है। बुधवार दोपहर वे अपने पति गोलू के साथ निर्वाचन कार्यालय पहुंचीं और नामांकन वापस लिया।

आखिरी मिनट में माने पोरवाल : काका ससुर कैलाश विजयवर्गीय और साले आकाश को हैरान करने वाले भाजपा के बागी ललित पोरवाल ने आखिरी समय में अपना नामांकन वापस लिया। यदि वे एक मिनट लेट हो जाते तो उनका नामांकन वापस नहीं होता। इससे पहले प्रदेश अध्यक्ष राकेश सिंह, केंद्रीय मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने भी पोरवाल को मनाया था।

नामांकन दाखिल करने के दौरान पोरवाल ने कहा था – राजनीति का यह अंतिम युद्ध है। लड़ूंगा जरूर। काफी मनाने के बाद भी वे मैदान में डटे हुए थे। अंत समय में पार्टी के वरिष्ठ नेताओं ने उसने बात की और वे मान गए।
धनेरिया ने कहा – पार्टी हित में लिया नाम वापस : तीन नंबर से निर्दलीय चुनाव लड़ने का ऐलान करने वाले भाजपा पार्षद जगदीश धनेरिया ने बुधवार को नाम वापस ले लिया। धनेरिया ने कहा – मैं नहीं चाहता था कि मेरी वजह से पार्टी का नुकसान हो। क्षेत्र के विकास को लेकर कुछ विषय थे। उन पर पार्टी नेताओं ने सहमति जताई तो मैंने नाम वापसी का फैसला किया।
मोती सिंह भी माने, नामांकन वापस लिया : कांग्रेस नेता मोती सिंह पटेल ने भी पार्टी प्रत्याशी विशाल पटेल के सामने निर्दलीय फॉर्म जमा किया था। कमलनाथ के कहने पर पटेल ने नामांकन वापस लेने की बात कही। पटेल ने कहा- मैंने गलत क्या किया? पार्टी की ओर से धरना, आंदोलन, प्रदर्शन किए। जेल भी गया। हालांकि कमलनाथ के समझाने के बाद पटेल ने कहा कि फॉर्म वापस ले लिया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *